Cold Drinks Can Increase Risk Of Oral Cancer: गर्मियों का मौसम आते ही शरीर को ठंडा रखने के लिए कोल्ड ड्रिंक्स की मांग बढ़ जाती है। चाहे पार्टी हो, दोस्तों के साथ आउटिंग हो या बस यूं ही प्यास बुझानी हो, कोल्ड ड्रिंक्स हर जगह हमारी साथी बन जाती हैं। लेकिन क्या आपने कभी सोचा है कि ये मीठे पेय आपके स्वास्थ्य के लिए कितने खतरनाक हो सकते हैं?
Cold Drinks Can Increase Risk Of Oral Cancer:
हाल ही में हुए एक शोध ने इस ओर ध्यान खींचा है। शोधकर्ताओं का दावा है कि नियमित रूप से कोल्ड ड्रिंक्स का सेवन करने वाली महिलाओं में ओरल कैंसर (मुंह का कैंसर) का खतरा पांच गुना बढ़ जाता है। यह सुनकर हैरान होना स्वाभाविक है, लेकिन ये सच्चाई है। तो चलिए जानते हैं कि आखिर कोल्ड ड्रिंक्स से ओरल कैंसर का क्या कनेक्शन है और इससे कैसे बचा जा सकता है।
कोल्ड ड्रिंक्स और ओरल कैंसर का कनेक्शन
वॉशिंगटन यूनिवर्सिटी के शोधकर्ताओं ने हाल ही में एक अध्ययन में पाया कि जो महिलाएं रोजाना एक या उससे अधिक मीठे पेय पदार्थों का सेवन करती हैं, उनमें ओरल कैंसर का खतरा सामान्य से पांच गुना ज्यादा होता है। शोध के मुताबिक, मीठे पेय पदार्थों में मौजूद शुगर और केमिकल्स मुंह के टिश्यूज पर नकारात्मक प्रभाव डालते हैं। इन पेय पदार्थों में कार्बोनेटेड और फ्लेवर्ड ड्रिंक्स भी शामिल हैं, जो कैंसर कोशिकाओं को बढ़ावा दे सकते हैं।
युवा महिलाओं में बढ़ रहा खतरा
चौंकाने वाली बात यह है कि यह समस्या खासकर उन महिलाओं में पाई गई है जो न तो धूम्रपान करती हैं और न ही शराब का सेवन करती हैं। यानी जिनके ओरल कैंसर के पारंपरिक कारण नहीं हैं, उनमें भी सिर्फ कोल्ड ड्रिंक्स की वजह से यह खतरा बढ़ गया है।
विशेषज्ञों का कहना है कि इस बढ़ते खतरे का कारण पेय पदार्थों में मौजूद शुगर की अधिकता है। इससे शरीर में सूजन और कोशिकाओं में असामान्यता पैदा होती है, जो आगे चलकर कैंसर का कारण बन सकती है।
कोल्ड ड्रिंक्स पीने के अन्य नुकसान - Cold drinks Side Effects In Hindi
कोल्ड ड्रिंक्स सिर्फ कैंसर ही नहीं, बल्कि और भी कई बीमारियों का कारण बन सकती हैं। आइए जानते हैं इनके कुछ गंभीर दुष्प्रभाव,
1. मोटापे का कारण
कोल्ड ड्रिंक्स में शुगर की मात्रा बहुत अधिक होती है, जिससे वजन तेजी से बढ़ता है। अधिक वजन कई अन्य बीमारियों का द्वार खोलता है, जैसे डायबिटीज और हृदय रोग।
2. डायबिटीज का खतरा
इन पेय पदार्थों में उच्च ग्लाइसेमिक इंडेक्स होता है, जो ब्लड शुगर लेवल को अचानक बढ़ा देता है। इससे टाइप-2 डायबिटीज का खतरा बढ़ जाता है।
3. दांतों की समस्याएं
शुगर और एसिड की अधिकता दांतों के इनेमल को कमजोर कर देती है, जिससे कैविटी और दांतों में सड़न होने लगती है।
4. हड्डियों में कमजोरी
कोल्ड ड्रिंक्स में फॉस्फोरिक एसिड होता है, जो शरीर में कैल्शियम के अवशोषण को कम कर देता है। इससे हड्डियां कमजोर हो जाती हैं और ऑस्टियोपोरोसिस का खतरा बढ़ जाता है।
5. पाचन तंत्र पर असर
कार्बोनेटेड ड्रिंक्स पेट में गैस और एसिडिटी बढ़ाती हैं, जिससे पाचन संबंधी समस्याएं उत्पन्न होती हैं।
गर्मियों में ठंडा रहने के लिए चुनें ये हेल्दी विकल्प
- पानी, नारियल पानी, नींबू पानी या घर का बना शरबत पिएं।
- अगर कोल्ड ड्रिंक्स से बचना मुश्किल है, तो मात्रा को नियंत्रित करें।
- मुंह में किसी भी असामान्य परिवर्तन को नज़रअंदाज न करें और दंत चिकित्सक से समय-समय पर जांच कराएं।
- स्वस्थ जीवनशैली से शरीर की प्रतिरक्षा क्षमता बेहतर होती है और कैंसर का खतरा कम होता है।
