Weather Change Sickness: मौसम में बदलाव शुरू हो चुका है। सर्दी ने दस्तक दे दी है। इसके साथ ही कई बीमारियों ने भी लोगों को अपनी चपेट में लेना शुरू कर दिया है। पिछले दिनों हुई लगातार बारिश के कारण कई जगह जमे पानी के कारण डेंगू, मलेरिया, चिकनगुनिया जैसी कई गंभीर बीमारियों से ग्रस्त होकर लोग अस्पताल पहुंच रहे हैं। ऐसे में अगर आप थोड़ी सी भी लापरवाही बरतेंगे तो इन बीमारियों के शिकार होकर अस्पताल पहुंच सकते हैं। यहां हम आपको उन बीमारियों के बारे में विस्तार से बताने जा रहे हैं, जो बदलते मौसम में आपको अपनी चपेट में ले सकती हैं।
बदलते मौसम में इन खतरनाक बीमारियों से ऐसे करें बचाव
वायरल इंफेक्शन
बदलते मौसम में सबसे ज्यादा तेजी से वायरल इंफेक्शन फैलता है। यह बीमारी ऐसे लोगों में अधिक फैलती है, जिनकी इम्यूनिटी कमजोर होती है। इस बीमारी में खांसी, जुकाम और बुखार जैसे इंफेक्शन होते है। इसके अलावा ऐसे मौसम में फंगल इंफेक्शन, बैक्टीरियल इंफेक्शन और पेट का इंफेक्शन भी खूब फैलता है। इससे बचने का सबसे आसान उपाय स्वच्छता और सही खान-पान है। कोशिश करें कि दिन में दो बार आप अदरक, काली मिर्च, हल्दी की चाय पिएं। साथ ही ठंडा खाने और पीने से भी बचाव करें।
डेंगू
डेंगू वैसे तो मानसून के मौसम में फैलने वाली बीमारी है, लेकिन इस बार अक्टूबर तक बारिश होने के कारण डेंगू अब तेजी से फैल रहा है। डेंगू रोग मादा एडीज एडिप्टी के काटने से फैलता है। इस बीमारी में तेज बुखार, बदन दर्द, जॉइंट पेन और प्लेटलेट्स का तेजी से गिरना शामिल है। इसे रोकने के लिए मच्छरों को घर में न पनपने दें और स्वच्छता बनाए रखें।
चिकनगुनिया
चिकनगुनिया रोग भी मादा एडीज मच्छर के काटने से फैलता है। इस मच्छर के काटने के करीब एक सप्ताह के अंदर चिकनगुनिया के लक्षण मरीज में दिखाई देने लगते हैं। इस बीमारी में बुखार होना, जोड़ों में दर्द, मसल्स पेन, जोड़ों में सूजन औऱ बॉडी पर रैशेज होना शामिल है।टाइफाइड
टाइफाइड बीमारी टायफी नामक बैक्टीरिया से होती है। यह आंतों में होने वाला एक इंफेक्शन है। यह बैक्टीरिया आंतों में घाव कर देता है। इस बीमारी में तेज बुखार होता है, जोकि कई दिनों तक शरीर में बना रहता है। इस बीमारी को ठीक होने में लंबा समय लगता है। ये बीमारी गंदा खाना या पानी के सेवन से होती है।टॉन्सिलाइटिस
ठंड के समय बच्चों में पाई जाने वाली टॉन्सिल संक्रमण बेहद आम है। टॉन्सिलाइटिस से गले में काफी दर्द होता और मरीज को बुखार आता है। इस दौरान खाना खाने में दिक्कत होती है। यह बैक्टीरियल या वायरल संक्रमण से हो सकता है। इससे बचे रहने के लिए बदलते मौसम में ठंडी चीजें खाने से बचें।(डिस्क्लेमर: प्रस्तुत लेख में सुझाए गए टिप्स और सलाह केवल आम जानकारी के लिए हैं और इसे पेशेवर चिकित्सा सलाह के रूप में नहीं लिया जा सकता। किसी भी तरह का फिटनेस प्रोग्राम शुरू करने अथवा अपनी डाइट में किसी तरह का बदलाव करने से पहले अपने डॉक्टर से परामर्श जरूर लें।)
