Mpox Outbreak In India: दुनियाभर में कहर मचाने के बाद अब मंकीपॉक्स वायरस भारत के पड़ोसी देश तक पहुंच चुका है। आपको बता दें कि हाल ही में पाकिस्तान से भी इस वायरस के फैलने की खबर आ रही है। ऐसे में देश में चिंता की स्थिति बनी हुई है। क्योंकि पाकिस्तान भारत की सरहद से लगता देश है। ऐसे में वायरस के फैलने का खतरा काफी अधिक हो सकता है। आपको बता दें कि अगर भारत में वायरस फैलता है, तो यह काफी खतरनाक हो सकता है।
Mpox Outbreak In India
वर्ष 2022 के डब्ल्यूएचओ के आंकड़े बताते हैं कि 116 देशों में एमपॉक्स के 99,176 मामले और 208 मौतें दर्ज की गई थीं। जिनमें भारत से 30 मामले शामिल हैं। ऐसे में पाकिस्तान में वायरस के मामले सामने आने के बाद भारत में मंकीपॉक्स के प्रसार को लेकर चिंताएं बढ़ हैं। हाल ही में स्वास्थ्य मंत्रालय देश में वायरस के प्रसार की संभावना को लेकर बयान जारी किया। मौजूदा स्थिति को लेकर मंत्रालय की क्या राय है, इस लेख में हम आपको इसके बारे में विस्तार से बता रहे हैं।
भारत में वायरस की कितनी है संभावना
देश में 17 अगस्त, शनिवार को केंद्रीय सरकार ने आने वाले कुछ दिन मंकीपॉक्स की बढ़ते मामलों के चलते अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डों और बंदरगाहों पर एमपॉक्स मामलों की जांच शुरू करने का फैसला किया। हालांकि, मंत्रालय का कहना है कि देश में वायरस के फैलने की संभावना फिलहाल नहीं है। मंकीपॉक्स का आखिरी मामला मार्च 2024 में सामने आया था।
लेकिन फिर भी वायरस की गंभीरता को नजरअंदाज नहीं किया जा सकता है। इसलिए मंत्रालय ने एक हाई रिपोर्ट के बाद कहा कि आने वाले हफ्तों में कुछ वायरस के मामलों का पता चलने की संभावना को पूरी तरह से खारिज नहीं किया गया है। लेकिन निरंतर ट्रांसमिशन के साथ बड़े प्रकोप का जोखिम वर्तमान में कम है।
विश्व स्वास्थ्य संगठन ने घोषित किया हेल्थ इमरजेंसी
वायरस की रोकथाम के लिए डब्ल्यूएचओ भी लगातार काम कर रहा है। हाल ही में संगठन ने मंकीपॉक्स के प्रकोप को देखते हुए इसे दोबारा पब्लिक हेल्थ इमरेजेंसी घोषित किया। इसके साथ-साथ संगठन ने वायरस के प्रसार को रोकने के लिए वैक्सीन का उत्पादन बढ़ाने का भी आग्रह किया है। इसके अलावा, जापान से भी वैक्सीन डोनेट करने को लेकर बातचीत चल रही है। इससे स्थिति को कंट्रोल में लाने में बहुत मदद मिलेगी।
डिस्क्लेमर: प्रस्तुत लेख में सुझाए गए टिप्स और सलाह केवल आम जानकारी के लिए हैं और इसे पेशेवर चिकित्सा सलाह के रूप में नहीं लिया जा सकता। किसी भी तरह का फिटनेस प्रोग्राम शुरू करने अथवा अपनी डाइट में किसी तरह का बदलाव करने से पहले अपने डॉक्टर से परामर्श जरूर लें।
