Dalchini ke fayde: सब्जी में दालचीनी डाल देने से स्वाद दोगुना हो जाता है। हालांकि, दालचीनी स्वाद ही नहीं सेहत के लिए भी किसी अमृत से कम नहीं होता है। किचन में मौजूद ये मसाला एक आयुर्वेदिक हर्ब्स है, जिसे आप सेहत को बेहतर बनाने में भी इस्तेमाल में ला सकते हैं। सर्दियों में तो इस मसाले के खास फायदे होते हैं। कड़कड़ाती ठंड में ज्यादातर लोग दालचीनी का काढ़ा पीना पसंद करते हैं, इससे शरीर को गर्माहट और अनगिनत फायदे मिलते हैं। तो चलिए आज आपको बताते हैं कि दालचीनी का काढ़ा पीने के कितने फायदे हो सकते हैं।
कैसे तैयार होता है दालचीनी का काढ़ा?
दालचीनी का काढ़ा बनाने के लिए सबसे पहले तुलसी की 4 पत्तियां, 1 लौंग, थोड़ी सी दालचीनी और 5-10 ग्राम अदरक को कूचकर रख लेना है। फिर एक पैन में 1/2 कप पानी में इस मिश्रण को उबाल लेना है। जब यह पानी जलकर सिर्फ एक कप रह जाए तो उसमें शहद डालकर पी सकते हैं। अगर मधुमेह की बीमारी है तो उसमें चीनी या शहद न डालें।दालचीनी काढ़ा पीने के फायदे क्या हैं?
1) इम्यूनिटी
दालचीनी में एंटीबैक्टीरियल, एंटीफंगल, मैग्नीशियम, आयरन, फॉस्फोरस, कार्बोहाइड्रेट, प्रोटीन, कैल्शियम, मैंगनीज, कॉपर, जिंक, विटामिन, नियासिन, थियामिन, लाइकोपीन और एंटीऑक्सीडेंट्स, जैसे तत्व मौजूद होते हैं। इससे आपकी इम्यूनिटी बूस्ट होती है।2) कोल्ड कफ
सर्दी के मौसम में रोज इसका काढ़ा पीते हैं, तो फिर आपको कोल्ड कफ से छुटकारा मिल जाएगा। साथ ही आप और मौसमी बीमारियों से भी बचे रहेंगे। इसके एंटी वायरल गुण इम्यूनिटी को मजबूत बनाता है। कोलेस्ट्रोल को कंट्रोल करने में दालचीनी भी बहुत लाभकारी होता है।3) हार्ट रिस्क
दाल चीनी हार्ट अटैक के रिस्क को भी कम करता है। यह कब्ज की भी समस्या को दूर करता है। इससे पाचन तंत्र मजबूत होता है। हड्डियों के लिए भी यह काढ़ा अच्छा है।4) गठिया का दर्द
अगर आप गठिया के दर्द से जूझ रहे हैं तो फिर हल्के गरम पानी में दालचीनी और शहद मिलाकर पी सकते हैं। इससे ज्वाइंट पेन दूर होता है। तो अब से आप इस काढ़े को सर्दियों के ड्रिंक में शामिल कर लीजिए।डिस्क्लेमर: प्रस्तुत लेख में सुझाए गए टिप्स और सलाह केवल आम जानकारी के लिए हैं और इसे पेशेवर चिकित्सा सलाह के रूप में नहीं लिया जा सकता। किसी भी तरह का फिटनेस प्रोग्राम शुरू करने अथवा अपनी डाइट में किसी तरह का बदलाव करने से पहले अपने डॉक्टर से परामर्श जरूर लें।
