Soaked Chickpeas And Raisins To Lower Cholesterol: अगर किसी व्यक्ति को हाई कोलेस्ट्रॉल की समस्या है, तो इसे कंट्रोल रखने के लिए उन्हें अपनी डाइट और जीवनशैली में कुछ बदलाव करने की जरूरत होती है। सही डाइट, निमयित एक्सरसाइज और जीवनशैली की कुछ आदतों में बदलाव करके प्राकृतिक रूप से नसों में जमा खराब कोलेस्ट्रॉल को कम और अच्छा कोलेस्ट्रॉल बढ़ाया जा सकता है। कुछ ऐसे फूड्स भी हैं, जिन्हें अपनी डाइट में शामिल करने से हाई कोलेस्ट्रॉल रोगियों की परेशानियां कम हो सकती हैं। आपको बता दें भीगे हुए चने और किशमिश खाने से कोलेस्ट्रॉल को कम करने में बहुत मदद मिल सकती है। ये कोलेस्ट्रॉल बढ़ने का कारण बनने वाली स्थितियों में सुधार करके कई गंभीर रोगों से आपको सुरक्षित रख सकते हैं। बस आपको सही समय और तरीके से इसका सेवन करना है। इस लेख में हम आपको हाई कोलेस्ट्रॉल कम करने के लिए भीगे चने और किशमिश खाने के फायदे बता रहे हैं।
हाई कोलेस्ट्रॉल कम करने में कैसे फायदेमंद है भीगे चने और किशमिश का सेवन?
क्लीनिकल न्यूट्रिशनिस्ट और डायटीशियन गरिमा गोयल के अनुसार, चने और किशमिश दोनों ही फाइबर का बेहतरीन स्रोत हैं। इसके अलावा, इनमें कैल्शियम, विटामिन बी, मैग्नीशियम, आयरन, प्रोटीन जैसे जरूरी पोषक तत्वों के साथ-साथ एंटीऑक्सीडेंट्स गुण होते हैं। इनका सेवन करने से आपका पेट भरा रहता है, ये डाइजेशन और मेटाबॉलिज्म को बेहतर बनाने में मदद करते हैं। एंटीऑक्सीडेंट्स से भरपूर होने की वजह से यह शरीर में फ्री-रेडिकल्स को बेअसर और ऑक्सिडेटिव स्ट्रेस को कम करने में मदद करते हैं, जो शरीर में चर्बी, टॉक्सिन्स और कोलेस्ट्रॉल बढ़ाने में योगदान देते हैं। भीगे चने और किशमिश खाने से शरीर की चर्बी और वजन कम करने में मदद मिलती है। इस तरह नियमित इनका सेवन करने से धीरे-धीरे खराब कोलेस्ट्रॉल कम होने लगता है।
कोलेस्ट्रॉल कम करने के लिए कैसे करें भीगे चने और किशमिश का सेवन?
आपको रात को सोने से पहले छोटा कप चने और 7-8 किशमिश को अच्छी तरह धो लेना है। एक कटोरी में इन्हें डालें और पानी डालकर ढक कर छोड़ दें। सुबह उठने के बाद सबसे पहले गर्म पानी पिएं और फ्रेश होने के बाद रातभर पीनी में भीगे हुए चने और किशमिश खाएंं। आप चाहें, तो ब्रेकफास्ट में भी इनका सेवन कर सकते हैं। ऐसे नियमित रूप से करें, इससे आपकी सेहत में सुधार होने लगेगा।
डिस्क्लेमर: प्रस्तुत लेख में सुझाए गए टिप्स और सलाह केवल आम जानकारी के लिए हैं और इसे पेशेवर चिकित्सा सलाह के रूप में नहीं लिया जा सकता। किसी भी तरह का फिटनेस प्रोग्राम शुरू करने अथवा अपनी डाइट में किसी तरह का बदलाव करने से पहले अपने डॉक्टर से परामर्श जरूर लें।
