What is Extended Range Anti-Submarine Rocket: भारत ने विस्तारित रेंज वाली पनडुब्बी रोधी रॉकेट प्रणाली का परीक्षण किया है, जिससे भारतीय नौसेना की मारक क्षमता में उल्लेखनीय वृद्धि होने की उम्मीद है। विस्तारित रेंज पनडुब्बी रोधी रॉकेट (ERASR) के उपयोगकर्ता परीक्षण INS कवरत्ती से सफलतापूर्वक किये गये हैं इसे भारत के रक्षा क्षेत्र में बड़ी कामयाबी के रूप में देखा जा रहा है जिससे कि समुद्र (Sea) में भारतीय नौसेना (Indian Navy) की ताकत में इजाफा हो गया है
विस्तारित रेंज वाली पनडुब्बी रोधी रॉकेट प्रणाली (फोटो: टाइम्स नाउ नवभारत)
ERASR के परीक्षण से भारतीय नौसेना की मारक क्षमता में उल्लेखनीय वृद्धि होने की उम्मीद है। भारत की स्वदेशी रक्षा क्षमताओं को एक महत्वपूर्ण बढ़ावा देते हुए ERASR के उपयोगकर्ता परीक्षण सफलतापूर्वक पूरे कर लिए हैं। 23 जून से 7 जुलाई के बीच किए गए ये परीक्षण इस प्रणाली को नौसेना सेवा में शामिल करने की दिशा में एक बड़ा कदम हैं।
क्या है ERASR
ERASR यानी एक पनडुब्बी रोधी हथियार प्रणाली (Extended Range Anti-Submarine Rocket) है, DRDO द्वारा विकसित, ERASR एक पूर्णतः स्वदेशी पनडुब्बी रोधी हथियार प्रणाली है जिसे स्वदेशी रॉकेट लॉन्चरों से सुसज्जित भारतीय नौसैनिक जहाजों से प्रक्षेपित करने के लिए डिजाइन किया गया है। यह रॉकेट पनडुब्बी रोधी युद्ध (ASW) क्षमता को बढ़ाने में एक महत्वपूर्ण घटक है, जो पानी के भीतर के खतरों के विरुद्ध विस्तारित दूरी और सटीकता प्रदान करता है।
इसके बड़े पैमाने पर उत्पादन की संभावना
आने वाले महीनों में इसके बड़े पैमाने पर उत्पादन और बेड़े में औपचारिक रूप से शामिल होने की संभावना है बता दें कि ERASR के सफल परीक्षण से भारतीय नौसेना की पनडुब्बी रोधी क्षमता में वृद्धि हुई है यह भारतीय नौसेना की समुद्री सुरक्षा और रणनीतिक जवाबदेही को नई मजबूती प्रदान करेगा।
स्वदेशी रूप से विकसित इलेक्ट्रॉनिक टाइम फ्यूज का उपयोग
इसमें ट्विन-रॉकेट मोटर कॉन्फिगरेशन है जो विभिन्न रेंज की आवश्यकताओं को उच्च सटीकता और स्थिरता के साथ पूरा करता है। ERASR में स्वदेशी रूप से विकसित इलेक्ट्रॉनिक टाइम फ्यूज का उपयोग किया गया, रॉकेट में दो मोटर लगे हैं।
विभिन्न रेंजों पर 17 रॉकेटों का परीक्षण
इसके मूल्यांकन के दौरान, रेंज प्रदर्शन, फ्यूज संचालन और वारहेड प्रभावशीलता जैसे मापदंडों का आकलन करने के लिए विभिन्न रेंजों पर 17 रॉकेटों का परीक्षण किया गया, सभी परीक्षण उद्देश्य सफलतापूर्वक प्राप्त किए गए। नौसेना ने कहा कि परीक्षणों के सभी निर्दिष्ट उद्देश्य जैसे रेंज प्रदर्शन, इलेक्ट्रॉनिक टाइम फ्यूज कार्यप्रणाली और वारहेड कार्यप्रणाली का सफलतापूर्वक प्रदर्शन किया गया।
नौसेना जल्द ही ERASR प्रणाली को शामिल कर सकती है
रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने रक्षा अनुसंधान विकास संगठन, भारतीय नौसेना और इस प्रणाली के विकास एवं परीक्षण में शामिल उद्योग को बधाई दी, ERASR के लिए भारत डायनेमिक्स लिमिटेड, हैदराबाद और सोलर डिफेंस एंड एयरोस्पेस लिमिटेड, नागपुर उत्पादन सहयोगी हैं। यूजर ट्रायल्स की सफल समाप्ति के साथ, भारतीय नौसेना जल्द ही ERASR प्रणाली को शामिल कर सकती है।
