PM Modi Rally in Muzaffarpur: बिहार विधानसभा चुनाव प्रचार के बीच आज पीएम मोदी मुजफ्फरपुर पहुंचे और जनसभा को संबोधित किया। पीएम मोदी ने लोगों से एक बार फिर एनडीए सरकार बनाने की अपील की। उन्होंने कहा कि NDA यानि सुशासन, NDA यानि जनता की सेवा, NDA यानि विकास की गारंटी। उन्होंने छठ पर्व को लेकर कांग्रेस-आरजेडी को निशाने पर लेते हुए कहा कि इन्होंने छठी मैया का अपमान किया है। पीएम मोदी ने कहा कि मैं बिहार का बहुत बड़ा कर्जदार हूं। पीएम मोदी ने कहा कि हम छठ पर्व के लिए यूनेस्को हेरिटेज टैग प्राप्त करने का प्रयास कर रहे हैं।
बिहार के मुजफ्फरपुर में पीएम मोदी की रैली
कांग्रेस-आरजेडी ने किया छठी मैया का अपमान
विपक्षी गठबंधन को निशाने पर लेते हुए पीएम मोदी ने कहा कि कांग्रेस-आरजेडी ने किया छठ मैया का अपमान किया है, ये छठ को ड्रामा बताते हैं। छठी मैया का अपमान बर्दाश्त नहीं करेंगे। कांग्रेस-आरजेडी के लोग बेशर्मी से बोल रहे हैं। सैंकड़ों सालों तक बिहार के लोग ये अपमान नहीं भूलेंगे। कांग्रेस-आरजेडी कभी बिहार को विकसित नहीं बना सकते। मुझे बिहार की जनता का साथ चाहिए। जंगल राज की पांच पहचान है- कट्टा, क्रूरता, कटुता, कुशासन और करप्शन।
पीएम मोदी ने क्या-क्या कहा
बिहार के मेरे भाई-बहनों, बिहार के मेरे मालिकों मैं आपका बहुत बड़ा कर्जदार हूं। यहां तो इतनी बड़ी संख्या में युवा आए हैं, मैं बहुत बड़ी मात्रा में माताओं-बहनों के दर्शन कर रहा हूं। ये विशाल जनसागर बता रहा है- फिर एक बार NDA सरकार, बिहार में फिर से सुशासन सरकार! हम छठ महापर्व को मानवता के महापर्व के रूप में UNESCO की विश्व विरासत की सूची में शामिल कराने के लिए लगातार कोशिश कर रहे हैं। ये हर बिहारी और हर हिंदुस्तानी के लिए गर्व का विषय होगा।
छठ महापर्व के बाद ये मेरी पहली जनसभा है। छठ महापर्व बिहार और देश का गौरव है। देश और दुनिया में छठ महापर्व मनाया जाता है। हम छठ के गीत सुनते हैं, तो भाव-विभोर हो उठते हैं। छठी मईया की पूजा में मां की भक्ति है। छठी मईया की पूजा में समता, ममता और सामाजिक समरसता है। आपने देखा है कि आपका ये बेटा तो छठी मईया की जय-जयकार दुनिया में कराने में लगा है।
दूसरी तरफ ये कांग्रेस और RJD के लोग छठी मईया का अपमान कर रहे हैं। क्या कोई कभी चुनाव में वोट पाने के लिए छठी मईया का अपमान कर सकता है? क्या ऐसा अपमान, बिहार, हिंदुस्तान और मेरी माताएं सह सकती हैं। RJD और कांग्रेस के लोग कितनी बेशर्मी से बोल रहे हैं। उनके लिए छठी मईया की पूजा नौटंकी है, ड्रामा है। ऐसे लोगों को सजा मिलनी चाहिए या नहीं? जो महिलाएं निर्जला इतना लंबा व्रत रखती हैं, जो गंगा जी में खड़ी होकर सूर्यदेव को अर्घ्य देती हैं। वो RJD-कांग्रेस की नजर में ड्रामा करती हैं।
क्या बिहार की माताएं- बहनें छठी मईया का ये अपमान बर्दाश्त करेंगी? मैं जानता हूं कि छठी मईया के इस अपमान को बिहार का कोई भी व्यक्ति बर्दाश्त नहीं करेगा। बिहार का गौरव और बढ़ाना, बिहार की मीठी बोली, बिहार की संस्कृति को दुनिया के कोने-कोने में ले जाना, बिहार का विकास करना ही NDA और भाजपा की सबसे बड़ी प्राथमिकता है। जब भारत समृद्ध था, आर्थिक रूप से, ज्ञान-विज्ञान की सबसे बड़ी ताकत था, तब उसमें बिहार की बहुत बड़ी भूमिका थी।
क्या था राहुल का बयान?
दरअसल, कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने बुधवार को जिले में एक चुनावी रैली की थी और दिल्ली में यमुना के किनारे छठ पूजा के आयोजन का हवाला देते हुए कहा था कि एक तरफ यमुना नदी में गंदा पानी था और बगल में साफ पानी का तालाब बनाया गया था ताकि प्रधानमंत्री उसमें नहाकर ‘ड्रामा’ कर सकें, जबकि उन्हें छठ पूजा से कोई लेनादेना नहीं है। उन्होंने कहा था कि इस बारे में जब पूरे हिंदुस्तान को पता चल गया तो प्रधानमंत्री मोदी छठ पूजा के इस आयोजन में नहीं गए। राहुल गांधी ने दावा किया कि प्रधानमंत्री वोट के लिए कुछ भी कर सकते हैं। मोदी ने कहा, देखिए, वोट मांगने के लिए ये लोग किस हद तक गिर सकते हैं। यह छठ पर्व का अपमान है, जिसे बिहार सदियों तक नहीं भूलेगा।
उन्होंने आरोप लगाया कि राजद और कांग्रेस का रिश्ता पानी और तेल जैसा है और वे किसी भी कीमत पर सत्ता हथियाने के लिए एक साथ आए हैं ताकि बिहार को लूट सकें। उन्होंने कहा, इस चुनाव में सबसे बड़ी खबर यह नहीं है कि मुझे गालियां दी जा रही हैं। सबसे बड़ी खबर है कांग्रेस और राजद के बीच की अंदरूनी कलह। दोनों दल सहयोगी होने के बावजूद एक-दूसरे को नीचा दिखा रहे हैं। सत्ता का लालच ही उन्हें एक साथ लाया है। प्रधानमंत्री ने अपने विरोधियों को नामदार करार देते हुए कहा, वे इस बात को बर्दाश्त नहीं कर पा रहे हैं कि एक पिछड़े वर्ग का नेता जो कभी चाय बेचता था, आज इतनी ऊंचाइयों पर पहुंच गया है। उन्हें यह जानने की जरूरत है कि मेरी उपलब्धियां उनके आशीर्वाद की वजह से नहीं, बल्कि जनता के आशीर्वाद और बाबासाहेब आंबेडकर द्वारा बनाए गए संविधान की वजह से हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस और राजद नेताओं ने आंबेडकर का अपमान किया है।
कहा- महागठबंधन को अपमानजनक हार का सामना करना पड़ेगा
प्रधानमंत्री ने दावा किया कि सभी सर्वेक्षण बता रहे हैं कि राजद नीत गठबंधन को विधानसभा चुनाव में अपमानजनक हार का सामना करना पड़ेगा, इसलिए वह ऐसे वादे कर रहे हैं जो हकीकत से दूर हैं। उन्होंने दावा किया, सभी सर्वेक्षण संकेत दे रहे हैं कि राजग बड़ी जीत की ओर बढ़ रहा है। और राजद-कांग्रेस गठबंधन को अपने इतिहास की सबसे बुरी हार का सामना करना पड़ेगा। पीएम मोदी ने यह भी आरोप लगाया कि कांग्रेस-राजद गठबंधन पांच ‘क’ - ‘कट्टा', 'क्रूरता', 'कटुता', 'कुशासन' (कुशासन) और ‘करप्शन’ का प्रतीक है। पीएम मोदी ने दावा किया कि राज्य में राजद शासन के दौरान 35,000-40,000 अपहरण हुए और गुंडे वाहन शोरूम लूटते थे।
पीएम मोदी ने कहा, दूसरी ओर राजग सांस्कृतिक विरासत को संरक्षित करने और सम्मान देने तथा बिहार सहित सभी राज्यों का सर्वांगीण विकास सुनिश्चित करने का पक्षधर है। उन्होंने अपने भाषण की शुरुआत भीड़ से 'फिर एक बार राजग सरकार' और 'फिर एक बार सुशासन सरकार' के नारे लगवाकर की। प्रधानमंत्री ने स्थानीय बोली वज्जिका में कुछ वाक्य बोले और कहा, आप लोगों की बातचीत का तरीका बहुत मीठा है। उन्होंने कहा कि मुजफ्फरपुर ‘‘शाही लीची’’ के लिए प्रसिद्ध है और स्वतंत्रता सेनानी खुदीराम बोस तथा प्रख्यात हिंदी साहित्यकार रामवृक्ष बेनीपुरी और जानकी वल्लभ शास्त्री जैसे दिग्गजों ने यहां जन्म लिया था।
