Loksabha Election 2024: बिहार में सीट बंटवारे को लेकर अपने बयानों से भारतीय जनता पार्टी (BJP) पर दबाव बनाने की कोशिश करने वाले लोक जनशक्ति पार्टी (राम विलास) गुट के अध्यक्ष चिराग पासवान का सुर अब बदल गया है। बुधवार को भाजपा अध्यक्ष जेपी नड्डा से मुलाकात के बाद उन्होंने कहा कि लोकसभा चुनाव के लिए सीट बंटवारे पर सहमति बन गई है। इस बारे में घोषणा जल्द कर दी जाएगी।
भाजपा अध्यक्ष नड्डा से मुलाकात करते चिराग पासवान।
सूत्रों के हवाले से कहा जा रहा है कि बिहार में एलजेपी के कोटे की 5 सीट चिराग को मिलेगी वहीं चिराग पासवान हाजीपुर से लड़ेंगे चुनाव
उधर बीजेपी ने पशुपति पारस को राज्यपाल बनने का आफर दिया और प्रिंस को बिहार में मंत्री बनने की बात कही है।
लोजपा को मिल सकती हैं 5-6 सीटें
सूत्रों का कहना है कि बिहार में सहयोगी दलों के बीच होने वाले सीट बंटवारे को भाजपा ने करीब-करीब अंतिम रूप दे दिया है। भाजपा यहां 17-18 सीटों, जद-यू 14 सीटों, लोजपा पांच से छह, हम एक और आरएलएम एक सीट पर चुनाव लड़ सकती है। बिहार में लोकसभा की 42 सीटे हैं। चिराग के चाचा पशुपति पारस कितनी सीटें मिलेंगी, यह अभी स्पष्ट नहीं है।
कुछ दिनों से अपने पत्ते नहीं खोल रहे थे चिराग
खुले तौर पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की तारीफ करने वाले चिराग कुछ दिनों से अपने पत्ते नहीं खोल रहे थे। हाल ही में उन्होंने कहा कि उनका गठबंधन किसी दल के साथ नहीं बल्कि बिहार की जनता के साथ है। यहां सरकारें आईं और गईं और बिहार की हालत नहीं सुधरी। उनके इस बयान को भाजपा से उनकी नाराजगी के तौर पर देखा गया। मीडिया में यह भी खबरें आईं कि अंदरखाने उनकी महागठबंधन के साथ बातचीत चल रही है और इंडिया ब्लॉक की तरफ से उन्हें बिहार में 8 सीटों और यूपी में दो सीटों का पेशकश किया गया है।
अपने लिए हाजीपुर सीट चाहते हैं चिराग
सूत्रों का कहना है कि चिराग एनडीए के साथ तो हैं लेकिन उनका अपने चाचा पशुपति पारस के साथ गतिरोध एवं मनमुटाव खत्म नहीं हुआ है। सबसे बड़ा पेंच हाजीपुर सीट को लेकर है। चिराग यह सीट अपने लिए चाहते हैं जबकि इस सीट से अभी पशुपति पारस सांसद हैं। सूत्रों का कहना है कि एक या दो सीट पशुपति की पार्टी को भी मिल सकती हैं। चाचा-भतीजे को एक साथ लाने के लिए भाजपा ने बीच का रास्ता निकाला है।
