Ranchi News: झारखंड की सरकार अपने कर्मचारियों को अब 60 लाख रुपए तक का हाउसिंग लोन देगी। लोन पर ब्याज की दर 7.5 फीसदी होगी। अब तक कर्मचारियों को अधिकतम 30 लाख रुपए का हाउसिंग लोन मिलता था। सीएम हेमंत सोरेन के निर्देश पर वित्त विभाग ने यह सीमा दोगुनी करने का प्रस्ताव तैयार किया है। उम्मीद की जा रही है कि जल्द ही इसपर कैबिनेट की मुहर लग जाएगी।
60 लाख तक का हाउसिंग लोन (फोटो साभार - istock)
दो लाख कर्मचारियों को मिलेगा लाभ
सरकार के इस प्रस्तावित फैसले से राज्य के लगभग दो लाख कर्मी लाभान्वित होंगे। अपना मकान बनाने के अलावा मकान की मरम्मत और विस्तार के लिए भी कर्मियों को एडवांस लोन देने की व्यवस्था की जाएगी। सबसे बड़ी राहत यह कि अब लोन के विरुद्ध किसी तरह की संपत्ति को मार्गेज रखने का प्रावधान भी खत्म कर दिया जाएगा। झारखंड में एसटी-एससी वर्ग के कर्मचारियों को सीएनटी-एसपीटी (छोटानागपुर-संथाल परना टेनेंसी एक्ट) के प्रावधानों की वजह से लोन मिलना मुश्किल हो रहा था। सरकार के प्रस्तावित नियम से उन्हें राहत मिलेगी।
इन चीजों पर मिल सकेगा लोन
सरकारी कर्मियों को अपने ही किसी प्लॉट पर नए घर के निर्माण के अलावा, किसी सहकारी, को-ऑपरेटिव या ग्रुप हाउसिंग सोसाइटी से जमीन खरीदने, फ्लैट या नया तैयार मकान खरीदने, हुडको, हाउसिंग एंड अर्बन डेवलपमेंट कॉरपोरेशन लिमिटेड अथवा प्राइवेट सोर्स से लिए गये कर्ज के भुगतान के लिए लोन मिल सकेगा।
