माहीसागर : जिले से एक ऐसा हत्याकांड सामने आया है, जिसने रिश्तों, भरोसे और इंसानियत तीनों को एक साथ कटघरे में खड़ा कर दिया है। लूनावाड़ा के कोठांबा थाना क्षेत्र में तीन दिन पहले कमालपुर के नाका तालाब से मिली एक महिला की लाश ने जब राज खोला, तो कहानी सीधे एक खौफनाक साजिश तक जा पहुंची। पहली नजर में मामला हादसे का लगा था, लेकिन गले पर मिले निशानों और पोस्टमार्टम रिपोर्ट ने साफ कर दिया कि यह एक सोची-समझी हत्या थी। इसके बाद पुलिस ने गहन जांच शुरू की और जो सामने आया, उसने पूरे इलाके को हिला दिया
महीसागर मर्डर मिस्ट्री का खुलासा
जांच में खुलासा हुआ कि मृतक महिला की नाबालिग बेटी का कमलेश बारिया नाम के युवक से प्रेम संबंध था। इसी बीच मां ने बेटी की सगाई कहीं और तय कर दी और शादी के लिए दबाव बनाने लगी। बेटी को यह मंजूर नहीं था। उसने अपने प्रेमी से कहा कि जब तक उसकी मां जिंदा है, वे दोनों साथ नहीं हो सकते। बस, यहीं से एक खतरनाक साजिश जन्म लेती है।
कमलेश ने अपने चार दोस्तों के साथ मिलकर हत्या की योजना बनाई। इस साजिश में महिला का परिचित जयेश पटेलिया भी शामिल हो गया, जो निजी कारणों से पहले से ही महिला से नाराज था। योजना के तहत, घटना वाली रात जयेश ने महिला को बाजरे के खेत में बुलाया। देर रात 1 से 2 बजे के बीच जब महिला वहां पहुंची, तो कमलेश और उसके साथी भी मौके पर आ गए।
इसके बाद आरोपियों ने जूते की लेस से गला घोंटकर महिला की हत्या कर दी। मौत वहीं, उसी सन्नाटे में हो गई… जहां भरोसा आखिरी सांस ले रहा था। हत्या के बाद आरोपियों ने शव को बाइक पर ले जाकर करीब 18 किलोमीटर दूर नाका तालाब में फेंक दिया, ताकि मामला डूबने का लगे।
ह्यूमन इंटेलिजेंस और तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर कोठांबा पुलिस ने तेजी से जांच कर पूरे मामले का पर्दाफाश कर दिया। पुलिस ने नाबालिग बेटी, उसके प्रेमी कमलेश बारिया, उसके चार साथियों और जयेश पटेलिया समेत कुल 6 आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। इनमें दो आरोपी नाबालिग हैं। फिलहाल सभी आरोपियों से पूछताछ जारी है और आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है।
