AI Course In Madarsa: यूपी में मदरसे के छात्र-छात्राओं को मुख्य धारा से जोड़ने के लिए योगी सरकार बड़ा कदम उठाने जा रही है। इसके लिए सरकार मदरसों के पाठ्यक्रम में डिजिटल लिट्रेसी, कोडिंग एवं आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) को शामिल करने जा रही है। मिली जानकारी के मुताबिक मदरसे में पढ़ने वाले करीब 13.92 लाख बच्चें है। सरकार इन सबको मुख्यधारा से जोड़ने का प्रयास कर रही है। इससे बच्चों को यह फायदा होगा कि वह विश्व के अच्छे कॉलेजों में दाखिला ले सकेंगे। अन्य बच्चों की तरह वह भी मुख्यधारा से जुड़ सकेंगे।
UP News: मदरसों के बच्चों को पढ़ाया जाएगा AI, विश्वस्तरीय कॉलेजों में ले सकेंगे दाखिला (Pic: Pixabay)
16,513 मदरसे को किया जाएगा शामिल
बता दें प्रदेश के अल्पसंख्यक कल्याण मंत्रालय ने इन सबके लिए नई पहल की है। बताया जा रहा है कि प्रदेश के 16,513 मदरसे के छात्र-छात्राओं को नई तकनीक और विश्वस्तरीय कॉलेजों में एडमिशन के लिए मंत्रालय ने नई पहल की है। इन लाखों छात्र-छात्राओं को सरकार आर्टिफिशियल इंटेलीजेंसी (AI) की शिक्षा देगी, जिससे यह छात्र-छात्राएं भी अन्य बच्चों की तरह मुख्यधारा से जुड़ सकें, जिससे वह भी विश्व के अच्छे कॉलेजों में एडमिशन ले सकेंगे और देश के तरक्की में अपना योगदान दे सकेंगे। इसके लिए सरकार उनके विशेष प्रयास कर रही है।
विश्वस्तरीय कॉलेजों में ले सकेंगे दाखिला
वहीं, अल्पसंख्यक कल्याण, वक्फ व हज मंत्री धर्मपाल सिंह ने बताया कि मदरसे के बच्चों को आर्टिफिशियल इंटेलीजेंसी की जानकारी मिलेगी तो वह विश्वस्तरीय कॉलेजों में दाखिला ले सकेंगे। इसके लिए वो खुद तैयार हो जाएंगे। हालांकि उन्होंने यह भी बताया कि इस वर्ष सभी मदरसों को यूडायस से जोड़ा गया है। बच्चों का आधार प्रमाणीकरण किया गया है। इससे बच्चों की वास्तविक जानकारी प्राप्त होगी।
