GBC Lucknow News: उत्तर प्रदेश में निवेश को बढ़ावा देने के लिए ग्राउंड ब्रेकिंग सेरेमनी (Ground Breaking Ceremony- GBC 4.0) का आयोजन किया जा रहा है। जीबीसी की तैयारी जोरों से चल रही है। बता दें की जीबीसी 4.0 का आयोजन 19 फरवरी से किया जाएगा। ये तीन दिवसीय प्रोग्राम है, जिसका समापन 21 फरवरी होगा। इस दौरान देश के साथ विदेश से भी कई उद्योगपति इसमें हिस्सा लेने और निवेश करने आएंगे। कार्यक्रम का आयोजन उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ में स्थित इंदिरा गांधी प्रतिष्ठान में किया जाएगा।
पीएम और सीएम करेंगे GBC4 लॉन्च
लखनऊ में होने वाले सबसे बड़े निवेश कार्यक्रम जीबीसी का शुभारंभ देश के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ द्वारा किया जाएगा। जीबीसी कार्यक्रम, पीएम मोदी और अन्य निवेशकों के आगमन को ध्यान में रखते हुए लखनऊ में कड़ी सुरक्षा के इंतजाम किए गए हैं। इस कार्यक्रम के माध्यम से 14 हजार से अधिक परियोजनाओं में निवेश किया जाएगा। आइए आपको इसके बारे में और बताएं...
आठ हजार से अधिक परियोजनाओं में करेंगे निवेश
जानकारी के लिए बता दें जीबीसी के माध्यम से 10 लाख करोड़ रुपये के निवेश को जमीन पर उतारा जाएगा। इस कार्यक्रम में जिलों में 10 करोड़ या कम निवेश करने वाले उद्योगपति और स्थानीय उद्योग से जुड़े लोग शामिल रहेंगे। जानकारी के अनुसार, 1 से 10 करोड़ रुपये की 8 हजार 735 परियोजनाओं को जमीन पर उतारने का प्रयास किया जा रहा है। इस साल उत्तर प्रदेश में 10 लाख 15 हजार करोड़ रुपये से अधिक निवेश किया जा रहा है। मीडिया रिपोर्ट के अनुसार जीबीसी ने में 500 करोड़ की 300 परियोजनाएं, 100-500 करोड़ की 895 परियोजनाएं व 10 से 100 करोड़ में 4 हजार 577 परियोजनाएं शामिल की गई है। इस जानकारी के अनुसार 10 लाख 15 हजार 583 करोड़ में 14 हजार 537 परियोजनाओं की शुरुआत की जाएगी।
एक नहीं 75 जिलों में होगा भूमि पूजन
भले ही जीबीसी 4.0 का आयोजन लखनऊ के इंदिरा गांधी प्रतिष्ठान में हो रहा हो, लेकिन 19 फरवरी को प्रदेश के 75 जिलों में भूमिपूजन यानी जीबीसी का आयोजन किया जाएगा। इस दौरान एक जिला एक उत्पाद की प्रदर्शनी भी लगाई जाएगी।
जीबीसी 4.0 में लगेगी एक जिला एक उत्पाद की प्रदर्शनी
उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी के दिशा-निर्देशों के आधार पर ग्राउंड ब्रेकिंग सेरेमनी में 'एक जिला एक उत्पाद' की प्रदर्शनी लगाई जाएगी। इसके साथ ही कार्यक्रम में शामिल हुए निवेशकों को सामने 'उद्यम प्रदेश' बने नए उत्तर प्रदेश की झलकियां भी प्रदर्शित की जाएंगी।
