Kanpur Influenza H3N2: सीजनल इंफ्लुएंजा एच3एन2 को लेकर स्वास्थ्य महानिदेशालय ने गाइडलाइन जारी कर दी है। कोरोना वायरस की जांच के वास्ते लिए जा रहे सैंपल की अब एच3एन2 आरटीपीसीआर जांच भी होगी। कानपुर स्थित जीएसवीएम मेडिकल कॉलेज के माइक्रोबायोलॉजी विभाग और उर्सला की पैथोलॉजी में यह जांच की जाएंगी। गंभीर मरीजों के सैंपल जांच के लिए लखनऊ स्थित किंग जॉर्ज मेडिकल यूनिवर्सिटी (केजीएमयू) के माइक्रोबायोलॉजी विभाग में भेजे जाएंगे। गाइडलाइन में संदिग्ध मरीजों की सैंपलिंग बढ़ाने और सांस के रोगियों की निगरानी करने के लिए कहा गया है। इंफ्लुएंजा के जैसी बीमारी (आईएलआई), सांस की तकलीफ (एसएआरआई) के मरीजों को चिह्नित करके उनकी सघन निगरानी के लिए भी निर्देश दिए गए हैं।
तेजी से फैल रहा एच3एन2 इन्फ्लुएंजा
सीएचसी और ब्लॉक स्तर पर रोगियों को चिह्नित करने के निर्देश भी जारी किए गए हैं। गाइडलाइन में कहा गया है कि यह मौसमी बीमारी हैं। अधिकतर रोगियों में यह खांसी, जुकाम, खांसी के बाद नियंत्रित हो जाती है। हालांकि अस्थमा, मोटापा, वृद्धावस्था के रोग, सीओपीडी, गुर्दा रोग, डायबिटीज से पीड़ित पुराने रोगियों में गंभीर लक्षण हो सकते हैं।
