Rajasthan News : राजस्थान के उदयपुर से एक हैरान कर देने वाली खबर सामने आई है। दरअसल, उदयपुर में पुलिस सूचना के आधार पर एक हिस्ट्रीशीटर और उसके आरोपी बेटे को पकड़ने के लिए पहुंची थी। यहां पर उन बदमाशों ने पहले को पूरी टीम को घेर लिया और उसके बाद उन पर गोलियों की बौछार कर दी। इस पूरी वारदात में कुछ सात पुलिसकर्मी बुरी तरह से घायल हो गए। बताया जा रहा है कि घटना उदयपुर के आदिवासी क्षेत्र कहे जाने वाले क्षेत्र मांडवा कोटड़ा में हुई। जहां फायरिंग के बाद बदमाशों ने पुलिसकर्मियों पर चाकुओं से भी कई वार किए और जवानों से कई हथियार छीन लिए।
घायल जवानों को अस्पताल लाई पुलिस।
इस तरह हुई पूरी घटना
सूत्रों के मुताबिक, उदयपुर में रणिया नामक कुख्यात आरोपी हिस्ट्रीशीटर है। वहीं और पुत्र खाजरू भी वांटेड अपराधी है। इन दोनों को एक साथ पकड़ने के लिए टीम गई हुई थी। जैसे ही टीम बदमाशों के घर के बाहर पहुंची वैसे ही अचानक से 30 से 35 लोग मौके पर पहुंच गए और जवानों पर धावा बोल दिया। पहले तो बदमाशों ने फायरिंग की और फिर उसके बाद वे पथराव करने लगे। इसके बाद जब कुछ पुलिसकर्मी वहीं जमीन पर गिर पड़े तब उन लोगों ने जवानों पर चाकुओं से हमला कर दिया। जख्मी हो चुके जवानों ने किसी तरह एसपी विकास शर्मा और एडिशनल एसपी मंजित सिंह को दी जिसके बाद वे लोग भी फोर्स के साथ पहुंचे। हालांकि इतनी देर में काफी बदमाश मौके से फरार हो गए जिन्हें पकड़ने के लिए टीम मांडवा इलाके के चप्पे-चप्पे पर तैनात है और दबिश दे रही है। पुलिस के खुफिया सूत्रों का आशंका है कि रणिया और खाजरू गुजरात की सीमा में हो सकते हैं।
कुख्यात अपराधियों से कांपते हैं लोग
स्थानीय लोगों का कहना है कि हिस्ट्रीशीटर रणिया और खाजरू से लोग बहुत डरते हैं। पूरे इलाके में इन बाप-बेटे का खौफ है। इन दोनों को लूट, हत्या, डकैती और छिनैती के लिए जाना जाता है और इन पर इन्हीं आरोपों के तहत कई मामले दर्ज हैं। हत्या के डर से गांव के लोग इनकी शिकायत थाने में करने से बहुत डरते हैं, क्योंकि ये लोग जब भी आते हैं तो इनके पास बड़-बड़े हथियार होते हैं और अपराधियों का पूरा गिरोह रहता है।
ये जवान हुए घायल
उदयपुर के आदिवासी क्षेत्र कहे जाने वाले क्षेत्र मांडवा कोटड़ा, जहां पर ये वारदात हुई वहां पर काफी देर तक गोलियों की तड़तड़ाहट होती रही। आरोपियों के फायरिंग, पथराव और चाकू से हमला करने से कई जवान लहूलुहान हो गए। इसमें थाना अधिकारी उत्तम सिंह मेडतिया और कांस्टेबल मनोज की हालत महाराणा भूपाल हॉस्पिटल में अब भी गंभीर बनी हुई है। वहीं, ASI सूरजमल मीणा, कांस्टेबल मुरलीधर, सोहनलाल, प्रभुलाल, देवेन्द्र एवं महेन्द्र का भी उपचार महाराणा भूपाल अस्पताल में ही चल रहा है।
(ANI)
