राजस्थान के दौसा में एक बच्चा खेल-खेल में बोरवेल में गिर गया। पिछले 18 घंटे से बच्चे को बचाने के लिए रेस्क्यू ऑपरेशन जारी है, हालांकि अभी तक सफलता हाथ नहीं लगी है। रेस्क्यू ऑपरेशन नें एनडीआरएफ, एसडीआरएफ समेत स्थानीय प्रशासन की टीमें लगी हैं।
दौसा में बोरवेल में गिरा मासूम
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बोरवेल में फंसा है आर्यन
राजस्थान के दौसा जिले के कालीखाड गांव में बोरवेल में गिरे बच्चे को सकुशल निकालने के लिए मंगलवार को भी रेस्क्यू ऑपरेशन जारी है। रेस्क्यू टीम ने कहा कि हम बच्चे को निकालने के लिए भरसक प्रयास कर रहे हैं। दरअसल, सोमवार (10 दिसंबर) को दोपहर बाद करीब 3:30 बजे आर्यन नाम का लड़का खेलते समय बोरवेल में गिर गया था। तभी से रेस्क्यू ऑपरेशन जारी है। बोरवेल के बगल में एक गड्ढा खोदा जा रहा है। मौके पर जिला कलेक्टर देवेंद्र कुमार, लालसोट एएसपी दिनेश अग्रवाल, विधायक दीनदयाल बैरवा, एसडीएम यशवंत मीणा, नांगल राजावतान डीएसपी चारुल गुप्ता, थाना प्रभारी मालीराम सहित कई अधिकारी पहुंचे।
आर्यन को बचाने के लिए रेस्क्यू ऑपरेशन जारी
मासूम 160 फीट गहरे बोरवेल में करीब 150 फीट पर अटका हुआ है। बोरवेल के समीप खुदाई कर बच्चे तक पहुंचने का प्रयास किया जा रहा है। करीब 10 जेसीबी और ट्रैक्टर से तेजी से मिट्टी निकाली जा रही है। इसके लिए तीन एलएनटी मशीन है और करीब 10 जेसीबी 20 ट्रैक्टर जुटे हुए हैं।एनडीआरएफ की टीम भी रेस्क्यू ऑपरेशन को सफल करने के लिए लोहे की रिंग नुमा रोड डालकर बोरवेल से सीधे ही बच्चे को निकालने की कोशिश कर रही है। बच्चा बोरवेल में अधिक अंदर नहीं जाए। इसके लिए नीचे अंब्रेला नुमा एक इक्विपमेंट लगाया गया है।
कैसे बोरवेल में गिरा बच्चा
जानकारी के मुताबिक, जगदीश मीणा की पत्नी खेत में बनी टंकी पर नहा रही थी। इसी दौरान आर्यन वहां खेल रहा था। तभी वो अचानक से बोरवेल में गिर गया। इसके बाद शोर मचाकर मां ने आसपास के लोगों और पुलिस को इस घटना के बारे में सूचित किया। इसके बाद राहत एवं बचाव कार्य शुरू किया गया।
