Assam Flood Update: असम में लगातार जारी मूसलाधार बारिश ने बाढ़ की स्थिति को और गंभीर बना दिया है। पिछले 24 घंटों में बाढ़ से 21 लोगों की मौत हो गई है, जबकि 12 जिलों के 5.64 लाख से अधिक लोग प्रभावित हैं। हालात बिगड़ने के बीच सेना, NDRF और SDRF राहत एवं बचाव कार्य में जुटे हैं, वहीं मौसम विभाग ने अगले चार दिनों के लिए येलो अलर्ट जारी किया है।
असम में बाढ़ का कहर जारी
12 जिलों में बाढ़ से हालात गंभीर
असम राज्य आपदा प्रबंधन प्राधिकरण (एएसडीएमए) की मंगलवार मध्यरात्रि को जारी दैनिक बाढ़ रिपोर्ट के अनुसार, राज्य के विश्वनाथ, चराइदेव, धेमाजी, डिब्रूगढ़, गोलाघाट, जोरहाट, कामरूप, कामरूप महानगर, कार्बी आंगलोंग, नागांव, शिवसागर और तिनसुकिया जिलों में बाढ़ से 5,64,600 से अधिक लोग प्रभावित हुए। रिपोर्ट के अनुसार, पिछले 24 घंटों के दौरान शिवसागर जिले में चार महिलाओं और दो बच्चों समेत 13 लोगों की बाढ़ के पानी में डूबने से मौत हो गई। इसके अलावा चराइदेव में दो बच्चों समेत पांच, गोलाघाट में दो और जोरहाट में एक महिला की जान चली गई। इन मौतों के साथ ही इस साल राज्य में बाढ़ से जान गंवाने वालों की संख्या बढ़कर 31 हो गई है।
असम में बारिश को लेकर चार दिनों का अलर्ट
भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने असम के लिए ’येलो अलर्ट’ जारी किया है और अगले चार दिनों के दौरान कुछ स्थानों पर गरज-चमक के साथ भारी बारिश का अनुमान जताया है। आईएमडी के अनुसार, ’येलो अलर्ट’ का मतलब सतर्क रहने और स्थिति से संबंधित अद्यतन जानकारी पर नजर बनाए रखना है। शिवसागर बाढ़ से सबसे अधिक प्रभावित जिला है, जहां करीब 3.6 लाख लोग प्रभावित हैं। इसके बाद जोरहाट में लगभग 88,000 और चराइदेव में 72,500 से अधिक लोग बाढ़ से प्रभावित हैं।
सेना-NDRF ने 6 हजार से अधिक लोगों को सुरक्षित निकाला
राज्य में बाढ़ की स्थिति सोमवार रात की तुलना में और खराब हुई है। सोमवार रात तक 15 जिलों में लगभग 3.63 लाख लोग प्रभावित थे। रिपोर्ट के अनुसार, सेना, राष्ट्रीय आपदा मोचन बल (एनडीआरएफ), राज्य आपदा प्रतिवादन बल (एसडीआरएफ), अग्निशमन एवं आपातकालीन सेवा, पुलिस और अन्य नागरिक एजेंसियों ने चराइदेव, गोलाघाट, जोरहाट और शिवसागर के विभिन्न इलाकों से 6,000 से अधिक लोगों को सुरक्षित निकाला है।
(इनपुट - भाषा)
