Gurugram: दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेसवे को लेकर एक और खुशखबरी सामने आई है। इस एक्सप्रेसवे पर इलेक्ट्रिक वाहनों (ईवी) के लिए अलग से लेन बनाई जाएगी। जिस पर बस, कार और ट्रक जैसे इलेक्ट्रिक वाहन 120 किलोमीटर की रफ्तार से दौड़ सकेंगे। इसके लिए एक्सप्रेसवे पर फाइबर केबल बिछाने की प्रक्रिया भी शुरू कर दी गई है। अधिकारियों के अनुसार इलेक्ट्रिक कॉरिडोर बनाने के लिए जर्मन टेक्नोलॉजी का उपयोग किया जा रहा है। दोनों तरफ एक-एक लेन ईवी वाहनों के लिए और बाकी के लेन पेट्रोल और डीजल से चलने वाले वाहनों के लिए होंगे। भविष्य में इस कॉरिडोर पर इलेक्ट्रिक वाहनों को पूरी सुविधा मिलने लगेगी।
दिल्ली मुंबई एक्सप्रेसवे
राष्ट्रीय राजमार्ग इलेक्ट्रिक वाहन के प्रोजेक्ट निदेशक अभिजीत सिन्हा ने इस योजना की जानकारी देते हुए बताया कि यह एक्सप्रेसवे इलेक्ट्रिक वाहनों के लिए पूरी तरह फ्रेंडली होगा। इस एक्सप्रेसवे पर चलने के दौरान इलेक्ट्रिक वाहन चालकों को किसी तरह की परेशानी न हो, इसलिए अभी अलवर के पास निजी कंपनी द्वारा चार्जिंग प्वाइंट बनाया जा रहा है। यहां पर वाहन चालक अपनी कार को चार्जिंग करा सकेंगे। उसके बाद एक चार्जिंग प्वाइंट दौसा में बनाया जाएगा। हालांकि भविष्य में फाइबर केबल बिछ जाने के बाद वाहन चालकों को चार्जिंग प्वाइंट की जरूरत नहीं पड़ेगी। वाहन इन केबल से कनेक्ट होकर चल सकेंगे।
