नियम तोड़ने वालों पर GNIDA ने कसा शिकंजा, बिना ट्रीटमेंट सीवरेज छोड़ने पर सोसाइटीज पर लगाया जुर्माना

ग्रेटर नोएडा की कई सोसाइटीज ने नियमों को ताक पर रखते हुए सीवरेज का पानी बिना किसी ट्रीटमेंट के नाले में बहाया है। प्रशासन ने अब इनके खिलाफ सख्त कदम उठाने का निर्णय लिया है, जिससे उनकी मान्यता तक रद्द की जा सकती है। बार-बार चेतावनी देने के बावजूद कोई सुधार न होने पर अब प्रशासन ने कड़ा रुख अपनाने का फैसला किया है।

ग्रेटर नोएडा की सोसाइटीज द्वारा बिना ट्रीटमेंट के सीवरेज पानी नालों में बहाने पर सख्त कार्रवाई की जाएगी। गौतम बुद्ध नगर जिले में, यदि कोई सोसाइटी ऐसा करती पाई जाती है तो उसका एओए रजिस्ट्रेशन रद्द किया जाएगा और भारी जुर्माना भी लगाया जाएगा। नोएडा प्राधिकरण ने मेरठ स्थित चिटफंड कार्यालय को पत्र लिखकर कुछ सोसाइटीज के रजिस्ट्रेशन निरस्त करने की सिफारिश की है। अभी तक दो सोसाइटीज पर कार्रवाई की जा चुकी है, जबकि सात और सोसाइटीज की सूची तैयार हो चुकी है। इनके खिलाफ एफआईआर भी दर्ज की गई है।

GNIDA fines societies for leaving untreated sewerage

बिना ट्रीटमेंट सीवरेज छोड़ने पर GNIDA ने लगाया सोसाइटीज पर जुर्माना

नोएडा में ड्रेन की सफाई पर लाखों रुपये खर्च होने के बावजूद पानी अब भी काला और बदबूदार बना हुआ है। इसकी एक प्रमुख वजह सोसाइटीज द्वारा बिना ट्रीटमेंट के सीवरेज पानी को सीधे नालों में बहा देना है। पहले चरण में सात सोसाइटीज पर कुल 1.17 करोड़ रुपये का जुर्माना लगाया गया है। इस संबंध में नोएडा प्राधिकरण ने उत्तर प्रदेश प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (यूपी पीसीबी) को भी पत्र लिखा था, लेकिन अभी तक कोई सख्त कदम नहीं उठाया गया है। यह कार्रवाई शहर के जल निकासी और पर्यावरण को बेहतर बनाने की दिशा में एक अहम कदम हो सकती है।

End of Feed