बुलंदशहर विकास प्राधिकरण (BDA) एक ऐसी टाउनशिप योजना पर काम कर रहा है जिसे गौतमबुद्ध नगर के दो गांवों की जमीन पर बसाया जाना है। इस काम के लिए जी.टी रोड से लगे दो गांवों को चिह्नित किया गया है। इस टाउनशिप योजना में दो गांवों की लगभग 210 एकड़ जगह का विकास किया जाएगा। इसके लिए जगह खरीदने का काम शुरू कर दिया गया है। इस टाउनशिप योजना में आने वाली जमीन के मुआवजे का रेट गौतमबुद्ध नगर जिला प्रशासन तय करेगा। इस टाउनशिप के बनने पर जी.टी रोड से ग्रेटर नोएडा के बीच के एरिया का विकास तेजी से होगा।
हजारों लोगों को आवास और रोजगार के अवसर मिलेंगे।
योजना में शामिल हैं ये दो गांव
बुलंदशहर विकास प्राधिकरण की उपाध्यक्ष डा. अंकुर लाठर ने टाइम्स नाउ नवभारत को बताया कि गौतमबुद्ध नगर जिले के दो गांव घोड़ी बछेड़ा और कैमराला चक्रसेनपुर को इस टाउनशिप परियोजना में शामिल किया गया है। ये दोनों ही गांव बुलंदशहर की सीमा से लगे दादरी तहसील के अंतर्गत आते हैं। लोकेशन की बात करें तो कालका-हावड़ा रेलमार्ग के एक तरफ ग्रेटर नोएडा विकास प्राधिकरण और दूसरी तरफ बुलंदशहर विकास प्राधिकरण का क्षेत्र लगता है। इन दोनों ही गांवों की 210 एकड़ जमीन पर बुलंदशहर विकास प्राधिकरण (BDA) एक टाउनशिप विकसित करेगा।
विकास के साथ-साथ हजारों लोगों को रोजगार का मिलेगा लाभ
बीडीए उपाध्यक्ष डा. अंकुर लाठर के अनुसार, बुलंदशहर विकास प्राधिकरण की यह पहली टाउनशिप होगी जो गौतमबुद्ध नगर जिले की सीमा में बसाई जा रही है। इस टाउनशिप योजना का लाभ बुलंदशहर के लोगों के साथ-साथ गौतमबुद्ध नगर जिले के भी हजारों लोगों को होगा। इस टाउनशिप में आवासीय भूखंड के साथ-साथ औद्योगिक और व्यवसायिक भूखंड भी शामिल होंगे। उपाध्यक्ष डॉ. अंकुर लाठर के अनुसार, इस टाउनशिप में 40 प्रतिशत औद्योगिक और व्यवसायिक भूखंड होंगेजिसका सीधा लाभ दोनों जिलों के लोगों को मिलेगा। नए उद्योग लगने से हजारों की संख्या में रोजगार के अवसर पैदा होंगे।
बेहद आसान कनेक्टिविटी
एक तरफ ग्रेटर नोएडा और दूसरी तरफ से जी.टी रोड से घिरे इस टाउनशिप योजना में कनेक्टिविटी की सुविधा भी अच्छी होगी। इस टाउनशिप योजना के एक तरफ कालका-हावडा रेलमार्ग तो वहीं दूसरी तरफ जी.टी रोड कनेक्टिविटी के मुख्य साधन हैं। इन सभी बातों का ख्याल रखते हुए ही बुलंदशहर विकास प्राधिकरण ने इस टाउनशिप को बनाने की योजना तैयार की है। बीडीए उपाध्यक्ष डा. अंकुर लाठर ने बताया कि अभी जमीन खरीद की प्रक्रिया चल रही है और अगले दो सप्ताह में यह पूरी कर ली जाएगी।
