Amroha: होली के त्यौहार में अधिक समय नहीं है। जल्द ही भारतीयों का पसंदीदा रंगों का उत्सव आने वाला है। इस बीच यूपी के अमरोहा में भाईचारे की एक अनूठी मिसाल पेश की जा रही है। जहां जाति, धर्म के नाम पर लोग विवादों में उलझते जा रहे हैं, वहीं अमरोहा के मोहल्ला बटवाल में एक मुस्लिम परिवार सदियों से भाईचारे की मिसाल पेश कर रहा है। हर साल यह परिवार हिंदुओं के पवित्र त्योहार होली पर रंग-बिरंगी टोपियां तैयार करता है। इस साल भाईचारे की मिसाल देते हुए इस मुस्लिम परिवार ने 'जय श्री राम' लिखी हुई टोपियां बनाई है।
अमरोहा बना भाईचारे की मिसाल
होली की टोपियां बनाकर मुस्लिम परिवार ने दी भाईचारे की मिसाल
सभी को भाईचारे की मिसाल देने वाले इस परिवार के टोपी कारीगर का नाम हुजैफा बैग है। मीडिया से बात करते हुए हुजैफा बैग ने बताया कि भले ही इस काम में मुनाफा कम है, लेकिन दिलों को जोड़ने वाली इस परंपरा को वह पूरी ईमानदारी से निभाते हैं। उन्हें इसे निभाने में जो खुशी मिलती है, उसकी कोई कीमत नहीं है। उन्होंने बताया कि देशभर से उन्हें होली की टोपियों के ऑर्डर आते हैं। उनका कहना है कि यह टोपियां न सिर्फ सिर पर सजने वाली रंगीन परंपरा है, बल्कि यह हिंदू-मुस्लिम एकता की एक खूबसूरत तस्वीर भी पेश करती है।
हिंदुओं के होली त्योहार को लेकर इस मुस्लिम परिवार की भाईचारे वाली भावना, मेहनत और समर्पण किसी मिसाल से कम नहीं है। अमरोहा की गलियों से निकलने वाली यह परंपरा पूरे देश को भाईचारे, मेलजोल और एकता का संदेश देती है। इससे फर्क नहीं पड़ता कि आप किस धर्म या जाति के हैं। अमीर हैं की गरीब, लेकिन एक है और एकता के भरे हैं यह सबसे आवश्यक है।
