Fatehpur News: उत्तर प्रदेश के फतेहपुर जिले में छह ग्रामीणों को एक मोबाइल टावर से टेलीकॉम तकनीशियन को कथित तौर पर बांधने के आरोप में गिरफ्तार किया गया। अधिकारियों ने यह घटना बिंदकी क्षेत्र के हरदौली गांव में गुरुवार को हुई जहां लोग लंबे समय से चली आ रही फाइव जी (5G) नेटवर्क समस्याओं के विरोध में प्रदर्शन कर रहे थे। सोशल मीडिया पर एक वीडियो सामने आया, जिसमें कथित तौर पर तकनीशियन आदित्य भान सिंह टावर से बंधे हुए और ग्रामीणों से घिरे हुए दिख रहे हैं। इसके बाद पुलिस मौके पर पहुंची और उसे बचाया।
फतेहपुर में 5G नेटवर्क को लेकर बवाल (प्रतीकात्मक फोटो)
5G सेवाओं की स्थिति दो साल से खराब
फतेहपुर के पुलिस अधीक्षक अभिमन्यु मांगलिक ने बताया कि सिंह मोबाइल नेटवर्क की समस्या के सिलसिले में गांव गए थे, तब कुछ लोगों ने कथित तौर पर उन्हें हिरासत में लेकर टावर से बांध दिया और फाइव जी (5G) कनेक्टिविटी की समस्या के समाधान की मांग की। उन्होंने कहा, "गांव वालों का दावा था कि वहां एक प्राइवेट टेलीकॉम टावर लगने के बावजूद इलाके में मोबाइल कनेक्टिविटी, खासकर फाइव जी सेवाओं की स्थिति लगभग दो साल से खराब है।" उन्होंने बताया कि गांव वालों का आरोप था कि बिजली होने पर भी अक्सर नेटवर्क नहीं मिलता था, जिससे कॉल और इंटरनेट इस्तेमाल पर असर पड़ता था। उन्होंने यह भी दावा किया कि निवासी 5G सेवाओं के लिए पैसे तो दे रहे थे, लेकिन कनेक्टिविटी में कोई खास सुधार नहीं हुआ था।
छह ग्रामीणों को किया गया गिरफ्तार
सामने आए वीडियो में एक ग्रामीण यह कहते हुए सुना जा सकता है कि टेक्नीशियन को तब तक नहीं छोड़ा जाएगा जब तक कंपनी के वरिष्ठ अधिकारी आकर समस्या का समाधान नहीं करते। पुलिस अधीक्षक ने बताया कि शुक्रवार को सिंह की शिकायत पर पुलिस ने अज्ञात ग्रामीणों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की और बाद में राहुल पटेल (28), सूरज यादव (21), आलोक पटेल (29), योगेंद्र पटेल (36), आलोक यादव (31) और सचिन पटेल (30) को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने बताया कि इन छह लोगों को मजिस्ट्रेट के सामने पेश किया गया और बाद में जमानत पर रिहा कर दिया गया। उन्होंने कहा कि मामले की जांच चल रही है।
