Pilibhit News: पीलीभीत में स्थित जमुनिया गांव में खेत पर गए एक किसान पर बाघ ने हमला कर दिया। किसान की चीख-पुकार को सुन आस-पास के खेतों में काम कर रहे किसान उसकी तरफ दौड़े। कई लोगों को देख बाघ किसान को छोड़ गन्ने के खेतों की ओर भाग गया। बाघ के हमले से गंभीर रूप से घायल किसान की मौके पर ही मौत हो गई। इस घटना के बाद लोगों में भड़का जनआक्रोश। मौके पर पहुंचे लोगों ने वन विभाग के खिलाफ की नारेबाजी। दरअसल गांव वालों का कहना है कि ये सब वन विभाग की लापरवाही के कारण हो रहा है। गांव में रहने वाले आक्रोशित ग्रामीणों का कहना है कि वन विभाग जानबूझकर लोगों को मरवा रहा है।
बाघ के हमले से किसान की मौत, गुस्साए ग्रामीणों ने पुलिस पर किया हमला
जानवर चराने गए किसान पर हुआ बाघ का हमला
शनिवार को पीलीभीत टाइगर रिजर्व के महोफ जंगल से सटे इलाके में एक किसान अपने जानवरों को चराने गए था, जिस पर बाघ ने हमला कर दिया। इस हमले में किसान की मौत हो गई। देर शाम में पुलिस को इस घटना की जानकारी मिली। घटना स्थल पर मौजूद गुस्साए स्थानियों ने माधोटांडा-पीलीभीत राजमार्ग पर किसान के शव को रखकर प्रदर्शन किया। स्थानियों ने ने वन विभाग को इस घटना का आरोपी ठहराया। उनका कहना है कि किसान की जान वन विभाग की लापरवाही से गई है। हाईवे के बाद लोगों ने पुलिस चौकी का घेराव किया और ड्यूटी के लिए पहुंचे पुलिसकर्मियों पर पथराव किया।
गांव में बना दहशत का माहौल
गांव वालों द्वारा दी जानकारी के अनुसार, चार दिन से बाघ को जमुनिया गांव के आसपास देखा जा रहा है। गांव के लोगों ने इसका जानकारी वन विभाग के अधिकारियों को दी थी। इस घटना पर गांव के लोगों ने हाईवे पर जाम कर विरोध किया तो विभाग ने औपचारिकताएं निभा कर निगरानी बंद कर दी। गांव वालों ने वन विभाग को खेतों में बाघ के देखे जाने की सूचना भी दी थी। खेतों में बाघ के देखे जाने के वीडियो तक वायरल हुई लेकिन विभाग का कोई अधिकारी मौके पर नहीं पहुंचा। बाघ के अटैक में हुई किसान की मौत के बाद से पूरे गांव में दहशत का माहौल बना हुआ है।
4 लोग बने बाघ के अटैक का शिकार
स्थानीय लोगों ने बताया कि पिछले पांच माह में मथना रानीगंज और जमुनिया क्षेत्र के चार किसान बाघ का शिकार हुए हैं लेकिन वन विभाग कुछ नहीं कर रहा है। वहां रह रहे ग्रामीणों का कहना है कि वन विभाग को बाघ को पकड़ने का काम शुरू कर देना चाहिए और सुरक्षा के लिए जंगल की सीमा पर तार फेंसिंग करनी चाहिए।
एडीएम एडिशनल एसपी डिप्टी डायरेक्टर मौके पर पहुंचे
घटना की जानकारी लगते ही एडीएम एडिशनल एसपी डिप्टी डायरेक्टर मौके पर पहुंचे और ग्रामीणों से बात की। ग्रामीणों की परेशानियों को सुना और उन्हें समझाकर मामला शांत करने की कोशिश की।
