राजधानी दिल्ली में नेशनल स्टूडेंट्स यूनियन ऑफ इंडिया (NSUI) और दिल्ली पुलिस के बीच टकराव का मामला और गहरा गया है। पार्लियामेंट स्ट्रीट पुलिस स्टेशन के बाहर प्रदर्शन कर रहे NSUI के कार्यकर्ताओं को दिल्ली पुलिस ने हिरासत में ले लिया है। छात्र संगठन अपनी महिला कार्यकर्ताओं के साथ हुई कथित मारपीट के मामले में दिल्ली पुलिस के खिलाफ FIR दर्ज कराने की मांग को लेकर थाने के बाहर सड़क जाम कर धरने पर बैठा था। प्रदर्शन के दौरान हिरासत में लिए जाने से पहले पत्रकारों से बातचीत करते हुए NSUI के राष्ट्रीय अध्यक्ष विनोद जाखड़ ने पुलिस प्रशासन पर गंभीर आरोप लगाए और कहा कि पुलिसकर्मी अपने ही साथियों को बचाने का प्रयास कर रहे हैं।
"महिला कार्यकर्ताओं से की गई बर्बरता": विनोद जाखड़ का आरोप
NSUI के राष्ट्रीय अध्यक्ष विनोद जाखड़ ने पुलिस कार्रवाई पर आक्रोश जताते हुए कहा कि दो दिन पहले विरोध प्रदर्शन के दौरान पुलिसकर्मियों ने उनकी संगठन की दो महिला कार्यकर्ताओं, आथिरा और रितु के साथ मारपीट और बर्बरता की थी। जाखड़ ने आरोप लगाया कि NSUI कार्यकर्ताओं के साथ जो बर्बरता की गई और जिस तरह से उन्हें पीटा गया, वह बेहद शर्मनाक है। हम यहां सिर्फ FIR दर्ज कराने आए थे, लेकिन DCP न तो हमसे बात कर रहे हैं और न ही हमारी बात सुन रहे हैं।
पुलिस अधिकारियों की भूमिका पर उठाए सवाल
विनोद जाखड़ ने बताया कि अपनी शिकायत दर्ज कराने के लिए NSUI का एक प्रतिनिधिमंडल बुधवार को भी थाने पहुंचा था, जहां उनकी मुलाकात एडिशनल DCP से हुई थी। हालांकि, उसके बावजूद अब तक FIR दर्ज नहीं की गई है। जाखड़ ने आरोप लगाया कि डीसीपी हमसे मिलने के लिए बिल्कुल भी तैयार नहीं हैं। कल वह छुट्टी पर चले गए थे और आज फोन का जवाब नहीं दे रहे हैं, केवल टालमटोल वाले जवाब दिए जा रहे हैं। हमने एक अन्य एडिशनल डीसीपी से बात की, जिन्होंने कई तरह के विरोधाभासी स्पष्टीकरण दिए। उनकी बातों से साफ हो गया कि वह घटना के लिए जिम्मेदार पुलिसकर्मियों का बचाव करने की कोशिश कर रहे हैं।
"संवैधानिक अधिकार के लिए जारी रहेगा आंदोलन"
हिरासत में लिए जाने से ठीक पहले विनोद जाखड़ ने स्पष्ट किया कि FIR दर्ज कराना उनका संवैधानिक अधिकार है और वे पीछे नहीं हटेंगे। उन्होंने कहा कि वे सड़क जाम कर शांतिपूर्ण प्रदर्शन कर रहे हैं और पुलिस चाहे जो कार्रवाई कर ले, वे शुक्रवार को फिर से विरोध प्रदर्शन करेंगे और हर हाल में FIR दर्ज कराकर रहेंगे। फिलहाल पुलिस ने थाने के बाहर जमा हुए कार्यकर्ताओं को हटाकर स्थिति को नियंत्रण में लिया है।
