Mumbai News: मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे और सौरभ दास व आशुतोष रंका की गिरफ्तारी के खिलाफ आज आज मुंबई में CJP का प्रदर्शन था। मुंबई के आजाद मैदान में आयोजित CJP के ‘लहरा दो तिरंगा’ प्रदर्शन में बेहद काफी कम लोग नजर आए। सुबह 10 बजे शुरू हुए इस प्रदर्शन में लगभग दो दर्जन प्रदर्शनकारी ही दिखाई दिए। ऐसे में सवाल उठ रहा है कि क्या CJP को मुंबई में पहले जैसा जनसमर्थन नहीं मिल रहा है?
CJP ने इस प्रदर्शन का ऐलान किया था, जिसके बाद मुंबई पुलिस ने संगठन को आजाद मैदान में प्रदर्शन की अनुमति दी। प्रदर्शनकारियों के मुताबिक, कार्यक्रम का मकसद ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग उठाने के साथ CJP नेता सौरभ दास और आशुतोष रंका की गिरफ्तारी का विरोध करना था।
शिवाजी पार्क जैसी भीड़ क्यों नहीं दिखी?
मुंबई में इससे पहले शिवाजी पार्क में हुए प्रदर्शन के दौरान बड़ी संख्या में लोगों की मौजूदगी की चर्चा हुई थी। हालांकि, आज यानी शुक्रवार 16 अक्टूबर को आजाद मैदान में जुटी भीड़ उससे काफी कम दिखाई दी।
प्रदर्शन में शामिल लोगों ने बताया कि संगठन के प्रमुख भीड़ जुटाने वाले चेहरों में शामिल Abhijeet Dipke फिलहाल दिल्ली में हैं। CJP की कोर टीम के भी दिल्ली में होने की बात कही गई। प्रदर्शनकारियों का मानना है कि इन कारणों से मुंबई में कार्यक्रम का आकार प्रभावित हुआ हो सकता है।
उन्होंने यह भी कहा कि शिवाजी पार्क के प्रदर्शन में दूसरे राज्यों से भी लोग शामिल हुए थे। ऐसे में शुक्रवार को आजाद मैदान में कम उपस्थिति को मुंबई इकाई की स्थानीय भागीदारी के संदर्भ में भी देखा जा रहा है।
आज दिल्ली में CJP का कार्यक्रम
CJP का आज दिल्ली में भी 'लहरा दो तिरंगा' कार्यक्रम प्रस्तावित है। यह आयोजन राजीव चौक पर होना है। वहीं, कनॉट प्लेस में भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता (BNSS) की धारा 163 लागू कर दिया गया है।
ऐसे में दिल्ली में कार्यक्रम के आयोजन और पुलिस की व्यवस्था पर भी सभी की नजर है। मुंबई में कम उपस्थिति के बाद अब देखना होगा कि दिल्ली में CJP के कार्यक्रम में कितने लोग शामिल होते हैं और संगठन अपनी मांगों को किस तरह आगे बढ़ाता है।
