नवरात्र के उल्लास के बीच गुजरात के अहमदाबाद से एक बेहद चौंकाने वाली और डरावनी खबर सामने आई है। अहमदाबाद के पास सांतज क्षेत्र में खातराज-कलोल रोड पर आयोजित लोकप्रिय ‘मंडली’ गरबा महोत्सव में प्रवेश को लेकर सिक्योरिटी गार्ड्स और कुछ युवकों के बीच भयंकर हिंसक झड़प हो गई। इस दौरान खुलेआम लाठियों और तलवारों का इस्तेमाल किया गया, जिससे उत्सव का माहौल पल भर में दहशत में बदल गया।
बाउंसरों और युवकों में हिंसक झड़प
बिना पास प्रवेश को लेकर हुआ विवाद, चले बैरिकेड्स
शुरुआती जानकारी के मुताबिक, कुछ युवक बिना वैध पास के गरबा ग्राउंड में जबरन प्रवेश करने की कोशिश कर रहे थे। जब वहां तैनात सिक्योरिटी स्टाफ और बाउंसरों ने उन्हें रोका, तो दोनों पक्षों के बीच तीखी बहस शुरू हो गई। देखते ही देखते यह मामूली विवाद खूनी संघर्ष में बदल गया। आरोप है कि इस दौरान उग्र भीड़ ने आयोजन स्थल के बाहर लगाए गए सुरक्षा बैरिकेड्स भी तोड़ दिए। स्थिति पूरी तरह नियंत्रण से बाहर होने पर कुछ बाउंसर हाथों में लाठियां और खुली तलवारें लेकर सड़क पर आ गए और ताबड़तोड़ मारपीट शुरू कर दी।
वायरल वीडियो में दिखे तलवार लहराते बाउंसर
घटनास्थल पर मौजूद लोगों द्वारा बनाए गए कई वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहे हैं। एक वीडियो में कुछ बाउंसर कथित तौर पर तलवारें और लाठियां लहराते हुए गरबा खेलने आए आम लोगों और युवकों की तरफ दौड़ते नजर आ रहे हैं। दूसरे वीडियो में पुलिस बल मौके पर पहुंचकर स्थिति को नियंत्रित करने और भगदड़ शांत कराने की कोशिश करता हुआ दिखाई दे रहा है।
1500 का पास लेकर आए लोगों ने जताई गहरी नाराजगी
इस हाई-प्रोफाइल गरबा महोत्सव में हजारों लोग अपने परिवार और दोस्तों के साथ माता की आराधना करने पहुंचे थे। हैरान करने वाली बात यह है कि इस आयोजन में प्रति व्यक्ति एक दिन के पास की कीमत ₹1,500 थी। इतनी राशि खर्च करने के बाद भी यदि लोगों को इस तरह की गुंडागर्दी, हिंसा और जान के जोखिम का सामना करना पड़े, तो इससे आयोजकों की सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े होते हैं।
बाउंसरों के खिलाफ FIR दर्ज
मामले की गंभीरता को देखते हुए सांतज पुलिस स्टेशन के पुलिस इंस्पेक्टर सुरेश चौधरी ने पुष्टि की है कि पुलिस ने इस मामले में त्वरित कार्रवाई करते हुए बाउंसरों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर ली है। पुलिस वायरल वीडियो के आधार पर आरोपियों की पहचान करने, हथियारों के अवैध इस्तेमाल की जांच करने और हिंसा के मुख्य कारणों का पता लगाने में जुटी हुई है। इस घटना के बाद से स्थानीय प्रशासन ने शहर के अन्य गरबा आयोजनों में सुरक्षा व्यवस्था और कड़ी कर दी है।
