Why Manappuram Share Falling: भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) ने मणप्पुरम सहित चार NBFC पर मटेरियल सुपरवाइजरी में गड़बड़ी का हवाला देते हुए बैन लगाया है। जिन चार NBFC पर बैन लगाया गया है उनमें आशीर्वाद माइक्रो फाइनेंस (मणप्पुरम फाइनेंस की सहायक कंपनी), आरोहन फाइनेंशियल सर्विसेज, डीएमआई फाइनेंस और नवी फिनसर्व शामिल हैं। जिसके बाद आज शुरुआती कारोबारी सत्र में मणप्पुरम फाइनेंस के शेयरों में 15 फीसदी की गिरावट आई और यह निचले सर्किट पर पहुंच गया।
मणप्पुरम फाइनेंस शेयर प्राइस टारगेट।
इस अपडेट के बाद, स्टॉक को कई ब्रोकरेज फर्मों ने इसकी रेटिंग डाउनग्रेड करते हुए टारगेट प्राइस में भी कटौती की है। जो कि 21 अक्टूबर, 2024 से प्रभावी होगी। विनियामक कार्रवाई के बाद, मणप्पुरम के शेयर को विभिन्न ब्रोकरेज ने डाउनग्रेड कर दिया। यहाँ हम आपको इसके बारे विस्तार से बता रहे हैं।
मॉर्गन स्टेनली: इक्वल वेट | टारगेट प्राइस: 170 रुपये
मॉर्गन स्टेनली ने मणप्पुरम फाइनेंस को ओवरवेट से घटाकर इक्वल-वेट कर दिया है, जबकि टारगेट प्राइस को 262 रुपये से घटाकर 170 रुपये कर दिया है।
बोफा: खरीदें | टारगेट प्राइस: 220 रुपये
बोफा ने शेयर पर अपनी खरीद रेटिंग बरकरार रखी, लेकिन लक्ष्य मूल्य को 250 रुपये से घटाकर 220 रुपये कर दिया।
जेफरीज: होल्ड करें | टारगेट प्राइस: 167 रुपये
जेफरीज ने स्टॉक को पिछली खरीद से घटाकर होल्ड रेटिंग पर ला दिया है, साथ ही लक्ष्य मूल्य को 270 रुपये से घटाकर 167 रुपये कर दिया है।
RBI ने आशीर्वाद (MGFL की MFI सहायक कंपनी) और चुनिंदा NBFC पर प्रतिबंध लगा दिए हैं, जिससे आय में कमी आने की संभावना है और इसलिए जेफरीज ने FY25-26 EPS में 11-19% की कटौती की है। अब इस बात का जोखिम है कि आशीर्वाद को पूंजी जुटाने की जरूरत है और अगर सहायक कंपनी की नेटवर्थ कम होती है तो पैरेंट को पूंजी लगानी पड़ सकती है। हालांकि, मूल्यांकन में गिरावट की संभावना सीमित है।
डिस्क्लेमर : यहां शेयर बाजार में निवेश की सलाह नहीं दी गई है। इक्विटी मार्केट में जोखिम होता है, इसलिए निवेश अपने जोखिम पर करें। निवेश करने से पहले एक्सपर्ट की राय जरूर लें।
