उत्तर प्रदेश में रियल एस्टेट का बाजार इन दिनों सातवें आसमान पर है। अब तक लोग निवेश के लिए केवल नोएडा, ग्रेटर नोएडा या लखनऊ जैसे बड़े शहरों की ओर देखते थे, लेकिन अब हवा का रुख बदल रहा है। उत्तर प्रदेश रियल एस्टेट रेगुलेटरी अथॉरिटी (UP RERA) ने हाल ही में राज्य के कुछ ऐसे उभरते हुए शहरों की पहचान की है, जहां जमीन और मकान खरीदना भविष्य में 'सोना' साबित हो सकता है। अगर आप भी अपनी मेहनत की कमाई को प्रॉपर्टी में निवेश कर मोटा मुनाफा कमाना चाहते हैं, तो रेरा द्वारा सुझाए गए इन छोटे लेकिन तेजी से विकसित हो रहे शहरों पर नजर डालना आपके लिए फायदेमंद होगा। आइए बताते हैं किन शहरों में निवेश आपके लिए फायदेमंद रहेगा?
क्यों छोटे शहरों की ओर बढ़ रहे हैं निवेशक?
बड़े शहरों में प्रॉपर्टी की कीमतें अब अपनी चरम सीमा (Saturation Point) पर पहुंच चुकी हैं, जिससे वहां अब बहुत ज्यादा मुनाफे की गुंजाइश कम बची है। इसके उलट, यूपी के टियर-2 और टियर-3 शहरों में बुनियादी ढांचे (Infrastructure) का विकास बहुत तेजी से हो रहा है। नए एक्सप्रेसवे, बेहतर बिजली आपूर्ति और इंडस्ट्रियल कॉरिडोर के कारण इन शहरों की कनेक्टिविटी सुधरी है। रेरा का मानना है कि इन शहरों में निवेश न केवल सुरक्षित है, बल्कि यहां आने वाले 5 से 10 सालों में प्रॉपर्टी की कीमतें दोगुनी या तिगुनी होने की पूरी संभावना है।
रेरा की लिस्ट में शामिल टॉप शहर
रेरा ने जिन शहरों को निवेश के लिए 'हॉटस्पॉट' बताया है, उनमें सबसे ऊपर गोरखपुर, वाराणसी और प्रयागराज जैसे धार्मिक और सांस्कृतिक केंद्र शामिल हैं। गोरखपुर में एम्स और फर्टिलाइजर प्लांट जैसे बड़े प्रोजेक्ट्स के आने से जमीन की मांग बढ़ी है। वहीं, वाराणसी में 'कॉरिडोर' बनने के बाद पर्यटन और व्यापार में आई उछाल ने रियल एस्टेट मार्केट को नई जान दी है। इसके अलावा, मेरठ और हापुड़ जैसे शहर अपनी दिल्ली से नजदीकी और 'रैपिड रेल' (RRTS) प्रोजेक्ट के कारण निवेशकों की पहली पसंद बनते जा रहे हैं।
औद्योगिक और कनेक्टिविटी का फायदा
सूची में झांसी और आगरा का नाम भी प्रमुखता से शामिल है। झांसी 'डिफेंस कॉरिडोर' का हिस्सा बनने के बाद से एक बड़े औद्योगिक केंद्र के रूप में उभर रहा है। वहीं, मुरादाबाद और बरेली जैसे शहरों में भी नए हाउसिंग प्रोजेक्ट्स की संख्या में भारी इजाफा देखा गया है। इन शहरों में मध्यम वर्ग के लिए किफायती आवास (Affordable Housing) की भारी मांग है, जिससे छोटे और बड़े दोनों तरह के निवेशकों के लिए यहां मौके मौजूद हैं। रेरा ने इन शहरों में चल रहे प्रोजेक्ट्स की पारदर्शिता और सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए भी कई कड़े कदम उठाए हैं।
निवेश से पहले इन बातों का रखें ध्यान
रेरा ने निवेशकों को मुनाफा कमाने के साथ-साथ सावधान रहने की भी सलाह दी है। किसी भी प्रॉपर्टी में पैसा लगाने से पहले यह सुनिश्चित कर लें कि वह प्रोजेक्ट RERA Approved है या नहीं। रेरा की वेबसाइट पर जाकर प्रोजेक्ट का रजिस्ट्रेशन नंबर जरूर चेक करें। इससे यह गारंटी मिलती है कि बिल्डर समय पर पजेशन देगा और आपके साथ धोखाधड़ी नहीं होगी। इसके अलावा, उस शहर के मास्टर प्लान और भविष्य में आने वाले सरकारी प्रोजेक्ट्स (जैसे नया एयरपोर्ट या हाईवे) की जानकारी भी जरूर जुटाएं, क्योंकि यही चीजें आपकी प्रॉपर्टी के दाम तय करती हैं।
