SBI Card New Rules: अगर आप एसबीआई क्रेडिट कार्ड का इस्तेमाल करते हैं तो ये जानकारी आपके लिए काफी अहम हो जाती है। 1 अप्रैल 2026 से SBI Cards अपने कई कार्ड्स के नियमों में बदलाव करने जा रहा है। इन बदलावों का सीधा असर आपके कैशबैक, रिवॉर्ड पॉइंट्स और बेनिफिट्स पर पड़ेगा।
एसबीआई कार्ड यूजर्स के लिए बदल रहे हैं ये नियम (Photo: iStock)
Cashback पर लगेगी नई लिमिट
सबसे बड़ा बदलाव कैश स्ट्रक्चर में किया गया है। अब एक बिलिंग साइकल में मिलने वाला अधिकतम cashback 5,000 से घटाकर 4,000 कर दिया गया है। इसके साथ ही cashback स्ट्रक्चर को दो हिस्सों में बांट दिया गया है, जिससे अब यूजर्स को अलग-अलग तरह के खर्च पर सीमित लाभ मिलेगा। ऑनलाइन खर्च पर 5% cashback दिया जाएगा, लेकिन इसकी अधिकतम सीमा 2,000 तय की गई है, जबकि ऑफलाइन खर्च पर 1% cashback मिलेगा, जिसकी अधिकतम सीमा भी 2,000 ही है। इसका मतलब है कि अब यूजर्स एक ही प्रकार के खर्च से ज्यादा cashback नहीं कमा पाएंगे और उन्हें दोनों कैटेगरी में संतुलन बनाकर खर्च करना होगा।
कुछ खर्चों पर नहीं मिलेगा cashback
नए नियमों के अनुसार अब कुछ खास कैटेगरी के खर्चों पर कैशबैक नहीं मिलेगा। इनमें डिजिटल गेमिंग प्लेटफॉर्म, टोल पेमेंट और सरकारी ट्रांजैक्शन शामिल हैं। पहले इन खर्चों पर भी कैशबैक का लाभ मिलता था, लेकिन अब इन पर कोई रिवॉर्ड या कैशबैक नहीं दिया जाएगा। इसका सीधा असर उन लोगों पर पड़ेगा जो इन कैटेगरी में ज्यादा खर्च करते हैं, क्योंकि अब उन्हें इन ट्रांजैक्शन पर कोई अतिरिक्त फायदा नहीं मिलेगा।
Reward Points रिडेम्पशन में बदलाव
SBI कार्ड ने reward points के इस्तेमाल के नियमों में भी बदलाव किया है, जिससे अब यूजर्स के लिए इनका इस्तेमाल थोड़ा सीमित हो जाएगा। नए नियमों के अनुसार, अब हर महीने अधिकतम 60,000 reward points ही रिडीम किए जा सकेंगे। हालांकि, यह बदलाव एयर इंडिया एसबीआई सिग्नेचर कार्ड, फोन पे एसबीआई कार्ड पर्पल और फोन पे एसबीआई कार्ड सेलेक्ट ब्लैक पर लागू नहीं होगा। इसके अलावा, रिडेम्पशन केवल 4,000 points के multiples में ही संभव होगा, यानी आप अपनी सुविधा अनुसार किसी भी संख्या में points इस्तेमाल नहीं कर पाएंगे। इस बदलाव का मतलब है कि अब reward points को इस्तेमाल करने में पहले जैसी फ्लेक्सिबिलिटी नहीं रहेगी और यूजर्स को इसे प्लान करके इस्तेमाल करना होगा।
कार्ड यूजर्स पर क्या असर पड़ेगा?
इन बदलावों का सबसे ज्यादा असर उन लोगों पर पड़ेगा जो ज्यादा ऑनलाइन शॉपिंग करते हैं या cashback कार्ड को अपने मुख्य (primary) कार्ड के रूप में इस्तेमाल करते हैं। पहले जहां ऐसे यूजर्स को ज्यादा खर्च करने पर अच्छा-खासा cashback और rewards मिल जाते थे, अब नई सीमाओं के कारण उनका फायदा कम हो जाएगा। खासकर हाई-स्पेंडर्स, जो बड़े अमाउंट में ट्रांजैक्शन करते हैं, उन्हें अब पहले की तुलना में कम रिटर्न मिलेगा और उन्हें अपने खर्च को ज्यादा सोच-समझकर प्लान करना होगा।
