CPI Inflation Rate: सोमवार को जारी किए गए नवीनतम आधिकारिक आंकड़ों के अनुसार, उपभोक्ता मूल्य सूचकांक (CPI) पर आधारित भारत की खुदरा मुद्रास्फीति (Retail Inflation) अक्टूबर 2023 में घटकर पांच महीने के निचले स्तर पर आ गई।
महंगाई दर घटी
अक्टूबर में खुदरा महंगाई दर 4.87 प्रतिशत पर दर्ज की गई। 4.87 प्रतिशत सीपीआई मुद्रास्फीति भारतीय रिजर्व बैंक (आरबीआई) के 4 प्रतिशत के मिड-टर्म टार्गेट के करीब है।
ग्रामीण इलाकों में खुदरा महंगाई दर
अक्टूबर में ग्रामीण इलाकों में खुदरा महंगाई दर 5.12 फीसदी रही, जबकि शहरी इलाकों में खुदरा महंगाई दर 4.62 फीसदी रही। राष्ट्रीय सांख्यिकी कार्यालय (एनएसओ) द्वारा जारी आंकड़ों के अनुसार, फूड सेगमेंट में खुदरा मुद्रास्फीति, सितंबर 2023 में रही 6.56 प्रतिशत की तुलना में अक्टूबर में बढ़कर 6.61 प्रतिशत हो गई।
सितंबर में कितनी थी महंगाई दर
सितंबर 2023 में महंगाई दर 5.02 फीसदी रही थी। इसके साथ, सीपीआई मुद्रास्फीति दो महीने के अंतराल के बाद आरबीआई के 6 प्रतिशत से नीचे के कंफर्ट लेवल पर वापस आ गई। उपभोक्ता मूल्य सूचकांक (सीपीआई) पर आधारित मुद्रास्फीति अगस्त में 6.83 फीसदी रही थी।
रिज़र्व बैंक की मौद्रिक नीति समिति (एमपीसी) ने अपनी अक्टूबर की बैठक में 2023-24 के लिए सीपीआई मुद्रास्फीति 5.4 प्रतिशत रहने का अनुमान लगाया, जो 2022-23 में 6.7 प्रतिशत से कम है।
आरबीआई का टार्गेट
सरकार ने आरबीआई को यह सुनिश्चित करने का काम सौंपा है कि सीपीआई मुद्रास्फीति दोनों तरफ 2 प्रतिशत के मार्जिन के साथ 4 प्रतिशत पर बनी रहे। केंद्रीय बैंक अपनी द्विमासिक मौद्रिक नीति तय करते समय खुदरा मुद्रास्फीति को ध्यान में रखता है।
