पोस्ट ऑफिस डिपॉजिट में अपनाएं लैडरिंग स्ट्रेटेजी, हर साल आपके हाथ में आएगा मोटा पैसा!

Post Office Time Deposit: पोस्ट ऑफिस की जमा राशि को एक साथ लगाने के बजाय अलग-अलग मैच्योरिटी अवधि में बांटना (लैडरिंग) बेहतर है। इससे आपको सुरक्षा के साथ-साथ जरूरत पड़ने पर समय-समय पर पैसा उपलब्ध रहता है।

Post Office Time Deposit : अपनी गाढ़ी कमाई को पोस्ट ऑफिस डिपॉजिट में जमा करना सुरक्षित और फिक्स्ड रिटर्न पाने का एक पारंपरिक तरीका है। अक्सर लोग एकमुश्त बड़ी रकम को 5 साल के लिए एक ही फिक्स्ड डिपॉजिट में जमा कर देते हैं। दिखने में यह बेहद आसान लगता है, लेकिन इमरजेंसी की स्थिति में जब पैसों की तुरंत जरुरत पड़ती है, तो पूरी एफडी तुड़वानी पड़ जाती है। इस समस्या से बचने के लिए 'डिपॉजिट लैडरिंग' (Deposit Laddering) तकनीक बेहद काम आ सकती है। यह स्ट्रेटेजी आपके पैसों की सुरक्षा बनाए रखने के साथ-साथ आपको समय-समय पर लिक्विडिटी यानी कैश भी उपलब्ध कराती है।

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क्या होती है डिपॉजिट लैडरिंग?

डिपॉजिट लैडरिंग का सिद्धांत बेहद आसान है। इसमें आप अपनी पूरी बचत को किसी एक लंबी अवधि के डिपॉजिट में डालने के बजाय अलग-अलग मैच्योरिटी पीरियड (परिपक्वता अवधि) वाले छोटे-छोटे हिस्सों में बांट देते हैं। उदाहरण के लिए अगर आपके पास 5 लाख रुपये हैं, तो पूरे 5 लाख रुपये 5 साल के लिए जमा करने के बजाय आप 1 लाख रुपये 1 साल के लिए, 1 लाख रुपये 2 साल के लिए, 1 लाख रुपये 3 साल के लिए और बाकी रकम 5 साल के लिए अलग-अलग जमा कर सकते हैं। जैसे-जैसे एक-एक डिपॉजिट मैच्योर होता जाएगा, आप उस पैसे का इस्तेमाल अपनी जरुरत के लिए कर सकते हैं या फिर उसे दोबारा लंबी अवधि के लिए रीइन्वेस्ट (पुनर्निवेश) कर सकते हैं।

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