Hindalco Plant: एल्युमीनियम बनाने वाली कंपनी हिंडाल्को इंडस्ट्रीज अब इलेक्ट्रिक ऑटो बाजार में उतरने जा रही है। कंपनी इसके लिए बैटरी फॉइल का मैन्युफैक्चरिंग प्लांट लगाएगी। कंपनी इसके तहत 800 करोड़ रुपये का निवेश करेगी। हिंडाल्को यह प्लांट ओडिशा के संबलपुर में लगाएगी। नए प्लांट से साल 2025 तक उत्पादन शुरू हो सकता है। प्लांट में 25,000 टन एल्यूमीनियम फॉइल का उत्पादन होगा। जो लिथियम-आयन और सोडियम-आयन बैटरी के लिए बेहद महत्वपूर्ण कंपोनेंट है।
हिंडाल्को लगाएगी नया प्लांट
क्या है प्लानिंग
हिंडाल्को इंडस्ट्रीज के प्रबंध निदेशक सतीश पई ने कहा कि इलेक्ट्रिक वाहन तथा ग्रिड स्टोरेज क्षेत्रों के लिए प्रभावशाली दृष्टिकोण के साथ बैटरी सामग्री की मांग में तेजी से वृद्धि देख रहे हैं। ऐसे रणनीतिक क्षेत्रों में कच्चे माल का स्थानीयकरण महत्वपूर्ण है।उन्होंने कहा कि इस प्रकार हिंडाल्को आत्मनिर्भर भारत के निर्माण की दिशा में बैटरी सामग्री तथा प्रौद्योगिकियों में विभिन्न निवेश कर रहा है। इस नई बैटरी फ़ॉइल मिल में निवेश इस दिशा में एक और कदम है।कंपनी के अनुसार, ओडिशा में नई इकाई दुनिया भर में गीगा फैक्ट्री को सामग्री की आपूर्ति करने की क्षमता को और बढ़ाएगी।
बैटरी में धाक जमाना चाहती है कंपनी
हिंडाल्को इंडस्ट्रीज के अनुसार, नए प्लांट से सुविधा जुलाई 2025 तक शुरू हो सकती है। इसमें 25,000 टन एल्यूमीनियम फॉइल का उत्पादन होगा जो लिथियम-आयन और सोडियम-आयन सेल्स के लिए बेहद महत्वपूर्ण है।बयान के अनुसार, कंपनी अच्छी गुणवत्ता वाले एल्युमीनियम फ़ॉइल बनाने की अपनी क्षमता का उल्लेखनीय रूप से विस्तार करने की भी योजना बना रही है, जिसका इस्तेमाल रिचार्जेबल बैटरी में किया जाता है।
