HDFC Home Loan Interest Rate: देश के सबसे बड़े प्राइवेट सेक्टर बैंक HDFC ने MCLR बढ़ा दिया है। HDFC ने कुछ पीरियड के लोन पर MCLR में 0.05 फीसदी की बढ़ोतरी की है। बैंक के MCLR बढ़ाने से होम लोन, पर्सनल लोन और ऑटो लोन समेत सभी तरह के फ्लोटिंग लोन की EMI बढ़ जाती है। ये नई दरें आज 7 दिसंबर 2023 से लागू हो गई हैं। बैंक ने ओवरनाइट एमसीएलआर, तीन महीने की एमसीएलआर, एक महीने की एमसीएलआर को और 2 साल से अधिक पीरियड के लिए एमसीएलआर को बढ़ाया है। वहीं छह महीने की एमसीएलआर, एक साल से अधिक पीरियड के लिए एमसीएलआर, 3 साल से अधिक पीरियड के एमसीएलआर में बदलाव नहीं किया गया है।
MCLR बढ़ने से सभी तरह के फ्लोटिंग लोन की EMI बढ़ जाती है।
HDFC बैंक की नई MCLR दरें
- एचडीएफसी बैंक के ओवरनाइट एमसीएलआर को 5 बीपीएस बढ़ाकर 8.65 फीसदी से 8.70 फीसदी कर दिया गया है।
- तीन महीने की एमसीएलआर को भी पिछले 8.90 प्रतिशत से 5 आधार अंक बढ़ाकर 8.95 प्रतिशत कर दिया गया है।
- छह महीने की एमसीएलआर 9.15 प्रतिशत पर ही है। इसमें बदलाव नहीं किया गया है।
- एक महीने की एमसीएलआर को 5 बीपीएस बढ़ाकर 8.70 फीसदी से 8.75 फीसदी कर दिया गया है।
- एक साल से अधिक पीरियड के लिए एमसीएलआर 9.20 फीसदी है। इसमें भी बदलाव नहीं किया गया है।
- 2 साल से अधिक पीरियड के लिए एमसीएलआर 9.20 फीसदी से बढ़ाकर 9.25 फीसदी कर दिया है।
- 3 साल से अधिक पीरियड के लिए एमसीएलआर 9.25 फीसदी पर ही है। इसमें बदलाव नहीं किया गया है।
आज 7 दिसंबर 2023 से लागू हो गई हैं नई दरें
एमसीएलआर में डिपॉजिट रेट, रेपो रेट, ऑपरेशनल कॉस्ट और कैश रिजर्स रेशो को बनाए रखने की कॉस्ट शामिल है। रेपो रेट में बदलाव का असर एमसीएलआर रेट पर पड़ता है। हालांकि, बैंक ने रेपो रेट पर कोई फैसला आने से पहले ही एमसीएलआर में बदलाव कर दिया है। MCLR से लोन की ब्याज दरों पर भी असर पड़ता है, जिससे कर्ज लेने वालों की EMI बढ़ जाती है।
