Budget 2024: वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण एक फरवरी को बजट पेश करेंगी। मोदी सरकार भारतीय ट्रेनों की स्पीड बढ़ाने पर विचार कर रही है। इसके लिए भारतीय रेलवे को इस बजट में 3.20 लाख करोड़ रुपए आवंटन कर सकती है। ट्रेनों को सेमी हाई स्पीड पर चलाने के लिए खर्च करेगी। साथ ही स्लीपर कोचों के साथ वंदे भारत ट्रेन लाने पर खर्च करेगी। इतना ही नहीं ट्रेन एक्सीडेंट को रोकने के लिए टक्कर रोधी कवट टैक्नोलॉजी ट्रेनों में लगाएगी। रेल ट्रैक का दोहरीकरण, नई रेल लाइन बनाने का भी काम किया जाएगा।
बढ़ेगी ट्रेनों की स्पीड
बढ़ेगी यात्री ट्रेनों की रफ्तार
भारतीय रेलवे वंदे भारत ट्रेनों को सेमी हाई स्पीड पर चलाने के लिए प्लानिंग कर रही है। इसका ऐलान बजट में हो सकता है। रेलवे के बुनियादी ढांचे को और मजबूत किया जाएगा। रेल पटरियों, रेल लाइनों का दोहरीकरण, टैक्नोलॉजी से लैस किया जाएगा। ताकि ट्रेनें बिना किसी रूकावट के तेज गति से दौड़ सके। यात्रियों कम समय में एक स्थान से दूसरे स्थान तक जल्द पहुंच सके। वंदे भारत ट्रेनों को सेमी हाई स्पीड 160 से 200 किलोमीटर प्रतिघंटा तक बढ़ाया जा सकता है।
दो महीने में चलने लगेगी स्लीपर वंदे भारत ट्रेन
रेलवे बोर्ड के अधिकारियों के मुताबिक स्लीपर वंदे भारत ट्रेन के कोचों का निर्माण तेज गति से चल रहा है। मार्च तक स्लीपर वंदे भारत ट्रेन पटरियों पर दौड़ने लगेंगी। प्रीमियम राजधानी एक्सप्रेस की जगह स्लीपर वंदे भारत ट्रेनें चलाई जाएंगी। शताब्दी एक्सप्रेस के स्थान पर वंदे भारत ट्रेनें चलाई जा रही हैं। लोगों के सुरक्षित और आरामदायक सफर के लिए वंदे भारत ट्रेनों की संख्या बढ़ाई जाएगी।
बढ़ेगी अमृत भारत ट्रेनों की संख्या
अमृत भारत ट्रेनों की संख्या बढ़ाने पर भी विचार किया जा रहा है। अंतरिम बजट में 3.20 लाख करोड़ रुपये का पूंजीगत व्यय का प्रावधान हो सकता है। अमृत भारत ट्रेनों के कोच और इंजन के लिए जल्द निर्माण किया जाएगा। 3.20 लाख करोड़ रुपए से दिल्ली-मुंबई, दिल्ली-कोलकाता समेत अन्य बिजी रेल रूटों पर टक्कररोधी टैक्नोलॉजी कवच को लगाने का काम किया जाएगा।
