Post-Retirement Budget: रिटायरमेंट (Retirement ) के बाद नियमित सैलरी बंद हो जाती है, जबकि रोजमर्रा के खर्च पूरी तरह खत्म नहीं होते। ऐसे में रिटायरमेंट से कुछ साल पहले ही अपने बजट की समीक्षा करना जरूरी है। वित्तीय विशेषज्ञ भी सलाह देते हैं कि नौकरी के आखिरी वर्षों में गैर-जरूरी खर्चों को धीरे-धीरे कम किया जाना चाहिए। इससे न सिर्फ रिटायरमेंट के बाद कम आय में जीवन आसान होता है, बल्कि बची हुई रकम को निवेश और इमरजेंसी (Emergency Fund) में भी जोड़ा जा सकता है। इस आर्टिकल में पांच ऐसे ही गैर-जरूरी खर्चों को लेकर जानकारी दे रहे हैं, जिन्हें कम किया जा सकता है-
रिटायरमेंट से पहले बंद कर दें ये 5 खर्च (AI Generated Image)
बाहर खाना और मनोरंजन
नौकरी के दौरान बाहर खाना, मूवी और घूमने-फिरने पर खर्च बढ़ जाता है। रिटायरमेंट से पहले इन खर्चों का बजट तय करना बेहतर है। उदाहरण के लिए, अगर आप हर महीने 5,000 रुपये मनोरंजन पर खर्च करते हैं और इसे 3,000 रुपये तक सीमित कर देते हैं तो सालभर में 24,000 रुपये बच सकते हैं।
कार से जुड़े खर्च
अगर परिवार में दो कार हैं और एक का इस्तेमाल बहुत कम होता है तो उसे बेचने पर विचार किया जा सकता है। कार के साथ पेट्रोल, इंश्योरेंस, सर्विस और मरम्मत का खर्च लगातार चलता रहता है। रिटायरमेंट के बाद ऑफिस आने-जाने की जरूरत कम होने से परिवहन खर्च घट सकता है।
महंगे सब्सक्रिप्शन और ऑनलाइन खर्च
OTT प्लेटफॉर्म, प्रीमियम ऐप्स, क्लब मेंबरशिप और दूसरे ऑटोमैटिक पेमेंट छोटे लगते हैं, लेकिन सालभर में बड़ी रकम बन सकते हैं। अपने बैंक स्टेटमेंट की समीक्षा कर उन सब्सक्रिप्शन को बंद करें, जिनका इस्तेमाल कम होता है।
कर्ज की EMI
रिटायरमेंट से पहले कोशिश करें कि Credit Card Debt, Personal Loan या Car Loan जैसी EMI खत्म हो जाए। नियमित कर्ज का बोझ कम होने से रिटायरमेंट के बाद मासिक खर्च काफी घट सकता है और सीमित आय पर दबाव कम होता है।
बड़े घर का रखरखाव
अगर बच्चे अलग हो चुके हैं और घर जरूरत से ज्यादा बड़ा है, तो छोटे घर में शिफ्ट होने पर विचार किया जा सकता है। बड़े घर में बिजली, रखरखाव, प्रॉपर्टी टैक्स और मरम्मत का खर्च ज्यादा होता है। डाउनसाइज करने से मासिक खर्च कम हो सकता है और अतिरिक्त पूंजी भी मिल सकती है।
