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रूस का यूक्रेन के 9 इलाकों पर बड़ा हमला, हजारों घरों की बिजली गुल; सर्दियों से पहले क्यों बढ़ी जेलेंस्की की मुश्किलें?

Russia Ukraine War: रूस ने यूक्रेन के नौ क्षेत्रों पर हवाई हमले किए, जिससे सैकड़ों हजार घरों की बिजली आपूर्ति प्रभावित हुई और कम से कम 15 लोग घायल हुए। ऊर्जा ठिकानों पर हमले रोकने के संघर्षविराम को लेकर विवाद के बीच जेलेंस्की और ट्रंप के संबंधों में तनाव बढ़ा है। संयुक्त राष्ट्र की रिपोर्ट के मुताबिक, सितंबर में यूक्रेन में नागरिकों की मौत और घायल होने के मामले पिछले साल की तुलना में 85 फीसदी बढ़े।

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यूक्रेन में रूसी हमलों से हाहाकार, सैकड़ों हजार घर अंधेरे में; 15 लोग घायल। AP

Photo : AP

Russia Ukraine War: रूस की यूक्रेन के खिलाफ ताबड़तोड़ कार्रवाई जारी है। हाल ही में रूसी सेना ने यूक्रेन के नौ क्षेत्रों को निशाना बनाकर हवाई हमले किए हैं। इन हमलों के कारण सैकड़ों हजार घरों की बिजली आपूर्ति बाधित हो गई, जबकि कम से कम 15 लोग घायल हुए हैं।

सर्दियों की आहट के बीच यूक्रेन के बिजली ढांचे पर रूस के लगातार हमलों ने मानवीय संकट की आशंका बढ़ा दी है। दूसरी ओर, यूक्रेनी राष्ट्रपति वोलोदिमीर जेलेंस्की और अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के बीच बढ़ती तल्खी के कारण कीव को मिलने वाली अमेरिकी मदद पर भी सवाल खड़े हो रहे हैं।

नौ क्षेत्रों में रूसी हमले, बिजली ढांचे को बनाया निशाना

रूस के ताजा हमलों में यूक्रेन के नौ क्षेत्र प्रभावित हुए हैं। हमलों के कारण कई इलाकों में बिजली आपूर्ति ठप हो गई और रिहायशी इमारतों को भी नुकसान पहुंचा। अधिकारियों के अनुसार, कम से कम 15 लोग घायल हुए हैं।

रूस सर्दियों से पहले यूक्रेन के ऊर्जा ढांचे पर हमले तेज कर रहा है। बिजली संयंत्रों और अन्य अहम बुनियादी ढांचे को निशाना बनाए जाने से लोगों के सामने बिजली के साथ-साथ हीटिंग और पानी की आपूर्ति का संकट भी गहरा सकता है। यूक्रेनी अधिकारियों ने आशंका जताई है कि रूस आने वाले महीनों में और बैलिस्टिक मिसाइल हमले कर सकता है।

सीजफायर की कोशिश नाकाम

रूस और यूक्रेन के बीच ऊर्जा प्रतिष्ठानों पर हमले रोकने को लेकर अस्थायी संघर्षविराम की कोशिश भी सफल होती नहीं दिख रही है। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने दावा किया था कि दोनों देश ऊर्जा ठिकानों पर हमले रोकने के लिए सहमत हो गए हैं। हालांकि, यूक्रेन ने आरोप लगाया कि रूस ने इसके बावजूद उसके ऊर्जा ढांचे को निशाना बनाना जारी रखा।

जेलेंस्की ने कहा कि यूक्रेन ऊर्जा प्रतिष्ठानों पर हमले रोकने के लिए तैयार था, लेकिन रूस की ओर से हमले जारी रहने के कारण इस व्यवस्था पर भरोसा करना मुश्किल हो गया। यूक्रेनी पक्ष ने बाद में इस संक्षिप्त संघर्षविराम को छोड़ दिया।

जेलेंस्की और ट्रंप के बीच क्यों बढ़ा तनाव?

रूस-यूक्रेन युद्ध को खत्म कराने की कोशिशों के बीच ट्रंप और जेलेंस्की के संबंधों में तनाव बढ़ता दिखाई दे रहा है। जेलेंस्की ने रूस के साथ अमेरिकी डीजल सौदे पर भी नाराजगी जताई है। यूक्रेन की चिंता है कि रूस को ऊर्जा कारोबार से होने वाली कमाई उसके युद्ध प्रयासों को आर्थिक मदद दे सकती है।

वहीं, ट्रंप ने यूक्रेन के रूसी ऊर्जा ठिकानों पर हमलों की आलोचना की है और युद्ध खत्म करने के लिए जेलेंस्की पर दबाव बनाया है। यूक्रेनी अधिकारियों को आशंका है कि अमेरिका के साथ बिगड़ते संबंधों का असर सैन्य सहायता और खुफिया जानकारी साझा करने पर पड़ सकता है।

घायलों की संख्या में जबरदस्त बढ़ोतरी

युद्ध का असर आम नागरिकों पर भी तेजी से बढ़ रहा है। संयुक्त राष्ट्र की एक रिपोर्ट के मुताबिक, सितंबर में यूक्रेन में नागरिकों की मौत और घायल होने के मामलों की संख्या पिछले साल के इसी महीने की तुलना में 85 फीसदी अधिक रही। रूस के हमले केवल बिजली व्यवस्था तक सीमित नहीं हैं, बल्कि आवासीय इमारतों, सार्वजनिक परिवहन, मालवाहक जहाजों और खाद्य भंडारण केंद्रों को भी नुकसान पहुंचा है।

यूरोपीय नेताओं से जेलेंस्की की मदद की अपील

यूक्रेन के राष्ट्रपति जेलेंस्की ने यूरोपीय संघ के नेताओं के साथ बैठक में रूस के खिलाफ अपने देश का समर्थन जारी रखने की अपील की। यूरोपीय नेताओं ने यूक्रेन की मदद जारी रखने की प्रतिबद्धता जताई और अमेरिका से भी रूस पर दबाव बढ़ाने का आग्रह किया।

यूरोपीय संघ की विदेश नीति प्रमुख काजा कल्लास ने संकेत दिया कि वॉशिंगटन को यूक्रेन के समर्थन में बनाए रखने के लिए प्रयास किए जा रहे हैं। हालांकि, अमेरिका के साथ मौजूदा तनाव और रूस के लगातार हमलों के बीच यूक्रेन के सामने सैन्य और आर्थिक चुनौतियां बनी हुई हैं।

सर्दियों से पहले यूक्रेन के सामने बड़ी चुनौती

रूस के लगातार हवाई हमलों और ऊर्जा ढांचे को हुए नुकसान के कारण यूक्रेन के लिए आगामी सर्दियां मुश्किल हो सकती हैं। बिजली आपूर्ति बाधित होने से घरों को गर्म रखने, पानी की व्यवस्था बनाए रखने और जरूरी सेवाएं संचालित करने में परेशानी बढ़ने की आशंका है।

Piyush Kumar
पीयूष कुमारauthor

पीयूष कुमार टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल के न्यूज डेस्क पर Senior Copy Editor के रूप में कार्यरत हैं। देश-दुनिया की हलचल पर उनकी पैनी नजर रहती है और इन घटनाओं को सटीक, सरल और असरदार अंदाज में खबरों की भाषा देना उनकी सबसे बड़ी ताकत है। ब्रेकिंग न्यूज की रफ्तार हो या किसी जटिल मुद्दे को आसान बनाकर समझाने वाले एक्सप्लेनर—पीयूष दोनों में बराबर दक्षता रखते हैं। न्यूज जजमेंट, फैक्ट-बेस्ड राइटिंग और एंड-टू-एंड कॉपी प्रोडक्शन पर इनकी पकड़ मजबूत है और अबतक 4,000 से अधिक स्टोरी लिख चुके हैं।

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