Mohan Bhagwat US Visit: राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) के प्रमुख मोहन भागवत ने शुक्रवार को न्यूयॉर्क स्थित इस्कॉन मंदिर का दौरा किया। इस दौरान, उन्होंने शहर में बेघर लोगों की मदद करने के उद्देश्य से आयोजित भोजन वितरण पहल में भी हिस्सा लिया।
संघ प्रमुख मोहन भागवत
इस्कॉन मंदिर में आयोजित कार्यक्रम के दौरान मोहन भागवत ने दुनिया में बढ़ते संघर्षों और मतभेदों के बीच 'कृष्ण चेतना' को एकता का आधार बताया।
'दुनिया में बहुत सारे द्वंद्व'
मोहन भागवत आरएसएस के शताब्दी वर्ष के वैश्विक संपर्क कार्यक्रम के तहत तीन दिवसीय यात्रा पर न्यूयॉर्क में हैं। समाचार एजेंसी एएनआई के मुताबिक, आरएसएस प्रमुख मोहन भागवत ने कहा, ''आज की दुनिया में बहुत सारे संघर्ष और द्वंद्व हैं। महज एक चीज जो हमें एकजुट करती है, वह चेतना है। यह चेतना कृष्ण चेतना है। हम एक हैं और दुनिया के इन द्वंद्वों के बीच भी इसी भावना के साथ आगे बढ़ रहे हैं।" उन्होंने कहा कि दुनिया में भले ही अलग-अलग तरह की विविधताएं, द्वंद्व और संघर्ष दिखाई देते हों, लेकिन वास्तविकता में सब कुछ कृष्णमय है।
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उन्होंने कहा, "दुनिया में इतनी विविधताएं, द्वंद्व और संघर्ष हैं, लेकिन वास्तव में यह सब कृष्ण ही हैं... सब कुछ कृष्ण है। अगर यह भावना दुनिया के हर दिल तक पहुंच जाए, तो दुनिया निश्चित रूप से एक बेहतर दुनिया होगी। यह वैसी भौतिक दुनिया तक सीमित नहीं रहेगी जिसे हम आज देखते हैं, बल्कि यह हर इंसान के लिए एक स्वर्ग होगी।
इससे पहले, मोहन भागवत ने न्यूयॉर्क में उद्योग जगत की हस्तियों और अधिकारियों के साथ बैठक कर संवाद किया। इस दौरान एक भारतीय-अमेरिकी निवेशक ने भारतीय युवाओं के प्रति मोहन भागवत के 'अटूट विश्वास' को रेखांकित करते हुए उन्हें भारत-अमेरिका मित्रता का 'सच्चा हिमायती' बताया।
