ईरान पर ट्रंप के नए आर्थिक दबाव के सामने सबसे बड़ी चुनौती है चीन, अमेरिका को सुना दी खरी-खरी

डोनाल्ड ट्रंप प्रशासन द्वारा ईरान को पूरी तरह से आर्थिक रूप से अलग-थलग करने के लिए शुरू किए गए 'ऑपरेशन इकोनॉमिक आउटकास्ट' की सफलता पर अब सवाल उठ रहे हैं, क्योंकि चीन ईरान का सबसे बड़ा व्यापारिक साझेदार और उसके कच्चे तेल का सबसे बड़ा खरीदार है।

China on Iran: अमेरिकी वित्त मंत्री स्कॉट बेसेंट ने दुनिया भर में ईरान के वित्तीय संपर्कों के खिलाफ जिस आर्थिक हमले की घोषणा की है, उसमें एक बड़ी चुनौती सामने आ सकती है, और वह चुनौती चीन है। चीन ने इसके संकेत भी दे दिए हैं। चीन का कहना है कि वित्त मंत्री स्कॉट बेसेंट द्वारा ईरान के वैश्विक वित्तीय संबंधों पर घोषित आर्थिक हमले में एक बड़ी खामी हो सकती है।

Donald Trump and Jinping

अमेरिका के सामने चीन की चुनौती

बीजिंग ईरान का सबसे बड़ा व्यापारिक साझेदार और उसका मुख्य तेल खरीदार है। एक तरफ अमेरिका इस्लामिक गणराज्य ईरान को उसके आर्थिक साझेदारों से अलग-थलग करने का प्रयास कर रहा है, वहीं दूसरी ओर राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप अगले महीने चीनी नेता शी जिनपिंग की मेजबानी करने की तैयारी में हैं ताकि दोनों देशों के बीच कायम नाजुक व्यापारिक संधि को बनाए रखा जा सके।

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