Anti Hijab protest : ईरान में महसा अमीनी की पुलिस कस्टडी में मौत के बाद लगातार उग्र प्रदर्शनों की खबरें सामने आ रहीं है। कॉलेज के छात्र और महिला कार्यकर्ता समेत देश के अलग-अलग हिस्सों से नागरिक इस प्रदर्शन में भाग लेकर देश के शासन के खिलाफ 48 दिनों से विरोध प्रदर्शन कर रहे है। अब अमेरिकी उपराष्ट्रपति कमला हैरिस ने ईरान को संयुक्त राष्ट्र के महिला आयोग से बाहर करने की कड़ी चेतावनी दी है।
ईरान संयुक्त राष्ट्र आयोग के लिए अयोग्य: हैरिस
अमेरिकी उप राष्ट्रपति कमला हैरिस ने बुधवार को कहा है कि अमेरिका ईरान में महिलाओं की स्थिति को लेकर संयुक्त राष्ट्र के महिला आयोग से ईरान को बाहर करने के लिए अन्य देशों के साथ काम करेगा। हैरिस ने अपने बयान में कहा है कि ईरान ने महिलाओं के अधिकारों को नकारा है और अपने ही लोगों पर क्रूर कार्रवाई की है, इसलिए ईरान इस आयोग की सेवा करने के लिए अयोग्य है। हैरिस ने कहा, "विरोध प्रदर्शन करने वालों से मैं फिर कहती हूं, हम आपको देखते हैं और आपको सुनते हैं। मैं आपकी बहादुरी से प्रेरित हूं, जैसा कि दुनिया भर के लोग हैं।" वहीं अमेरिका और यूरोपीय सहयोगियों ने विरोध प्रदर्शनों के चलते ईरान पर कई प्रतिबंध भी लगाए हैं।
Today we are announcing our intention to remove Iran from the UN Commission on the Status of Women. Given Iran’s br… t.co/aD2m7UyC7z
— ANI (@ANI) Nov 2, 2022
हिंसक प्रदर्शन में अब तक 277 लोगों की मौत
ईरान ह्यूमन राइट्स द्वारा जारी एक रिपोर्ट के मुताबिक महसा अमीनी की मौत के विरोध में प्रदर्शन के दौरान हुई हिंसक कार्रवाई में अब तक 277 लोग मारे गए हैं। ये प्रदर्शन लगातार देश के अलग-अलग हिस्सों में उग्र होते देखे गए है और बुधवार को भी विरोध प्रदर्शन के 48वें दिन सानंदाज, सक़क़्ज़, महाबाद, बुकान और बनेह में व्यापारियों ने दुकानें बंद की और एकजुटता के साथ अपनी आम हड़ताल का एक और दौर शुरू किया। इसके बाद तेहरान के कई जिलों और शहरों में रात के समय लोगों द्वारा विरोध प्रदर्शन और रैलियां की गई। इलम प्रांत के देहोलोरन शहर में भी प्रदर्शनकारियों और सुरक्षा बलों के बीच टकराव जारी रहा।
पुलिस की हिंसक कार्रवाई की होगी जांच
बुधवार को ईरान में प्रदर्शनों के बीच एक वीडियो सामने आया था जिसमें सुरक्षा बल एक प्रदर्शकारी की बेरहमी से पिटाई करते हुए दिख रहे हैं। जिसके बाद इलाके में प्रदर्शन और उग्र हुए और शासन-प्रशासन पर प्रदर्शनकारियों के दबाव के बाद र्ईरानी अधिकारियों ने इस वीडियो को संज्ञान में लेकर वीडियो की जांच के आदेश दिए है। ईरान के पुलिस बल ने एक बयान में बताया है कि घटना के सही समय और स्थान की जांच करने और अपराधियों की पहचान करने के लिए एक आदेश जारी किया है।
#BreakingNow: ईरान की सड़कों पर #Hijab के खिलाफ जोरदार प्रदर्शन, पिछले 48 दिनों से जारी है प्रदर्शन @SwetaSri27… t.co/7AVOQZPtac
— ANI (@ANI) Nov 3, 2022
प्रदर्शनकारियों का कहना है कि सुरक्षा बलों द्वारा की गई हिंसक कार्रवाई में अब तक दर्जनों लोग मारे गए हैं और हजारों को गिरफ्तार किया गया है, सुरक्षा बलों पर प्रदर्शनकारियों पर करीब से गोलियां चलाने, उन्हें डंडों से मारने के आरोप भी लगाए गए है।
