Ajab Gajab : आजकल ऑनलाइन खरीदारी से लेकर ऑनलाइन फूड डिलीवरी हर चीज को इतना तकनीक ने इतना आसान बना दिया है कि, ज्यादा जद्दोजहद नहीं करनी पड़ती है। हालांकि समय के साथ-साथ चीजें जितनी सुलभ और सहज होती हैं तो कहीं न कहीं उनके नुकसान भी देखने को मिलते हैं। ऐसा ही कुछ हुआ है यूपी की एक लड़की के साथ, जिसने पूरा वाक्या ट्विटर पर शेयर किया है। दरअसल, युवती ने एक पिज्जा कंपनी के एप से पिज्जा और उसके बाद डिलीवरी मिलने के बाद उस डिलीवरी ब्वॉय ने जो किया जो काफी हैरान कर देने वाला है।
डिलीवरी ब्वॉय ने मारा प्रपेाज। (सांकेतिक फोटो)
डिलीवरी ब्वॉय ने ही किया प्रपोज
युवती ने बताया है कि, उसने हाल ही में मोबाइल एप से ही एक पिज्जा ऑर्डर किया था। उसके बाद उसे पिज्जा की डिलीवरी मिल गई। हालांकि एक दिन के बाद ही डिलीवरी ब्वॉय का ही मैसेज आता है, जिसमें तुमने लगाया है कि, सॉरी मेरा नाम कबीर है। मैं वही हूं जो मैं कल आपको पिज्जा देने के लिए आया था। मैं आपको पसंद करता हूं। इसके बाद ही युवती हरकत में आई और उसने चैट के स्कीनशॉट निकाल सोशल मीडिया पर शेयर कर दिया।
युवती ने पूछा ऐसा सवाल
दरअसल, युवती ने इस तरह की बात सुनते ही सोशल मीडिया पर आपबीती सुनाई। 'युवती ने ट्विटर पर पूछा कि, - मैं पूछना चाहती हूं कि क्या किसी डिलीवरी ब्वॉय को इसलिए भेजा जाता है ताकि वह कस्टमर के नंबर और एड्रेस का गलत उपयोग करे। अगर ये लड़का मुझे पसंद करता भी है तो क्या कंपनी के जरिए फोन नंबर का दुरुपयोग ठीक है ?'
कस्टमर द्वारा किया गया ट्ववीट।
अलग-अलग नामों पर बिफरी युवती
इसके अलावा मामला सामने आने पर मामला संज्ञान में आने लगा। कुछ समय के बाद ही युवती ने बताया कि चैट पर डिलीवरी ब्वॉय का नाम कबीर है। पिज्जा कंपपी के स्टोर में इसका नाम मन्नू है और ईमेल एड्रेस में कबीर बबलू है। वहीं, जब युवती ने पिज्जा कंपनी से इस बात की शिकायत कि तो उन्होंने भी पल्ला झाड़ लिया। जिसका भी स्क्रीनशॉट निकालकर युवती ने शेयर किया है। वहीं, पुलिस हेल्पलाइन नंबर 112 ने पूरे प्रकरण की जांच कराकर उन्हें आश्वासन देते हुए कहा, "चिंता न करें, आपातकालीन सहायता तुरंत पहुंच रही है... उचित कार्रवाई की जाएगी."
कस्टमर द्वारा किया गया ट्वीट।
बढ़ चुका है मामला
युवती के ट्वीट के बाद से ही मामला और भी ज्यादा गर्मा गया है। युवती ने जिस समय पिज्जा कंपनी को ट्वीट किया उसी के बाद यूपी पुलिस का मैसज आ गया इस पर उसने अधिकारियों को धन्यवाद दिया है। हालंकि अब मामला उपभोक्ता न्यायालय जाकर के पास पहुंच गया है।
