Tips for planning first Solo Trip: घूमने-फिरने के शौकीन हैं और अपनी तनाव भरी जिंदगी से कुछ दिन की छुट्टी लेकर खुद को खोजने की इच्छा है, तो सोलो ट्रिप (Solo Trip) पर जाना बेहतरीन विकल्प हो सकता है। पहली बार की हुई हर चीज़ बहुत खास और हर किसी के लिए दिल के बेहद करीब होती है, वहीं अकेले किसी जगह पर आत्मनिर्भर बन सफर करना उस खास एहसास को और खास बना देता है। अकेले ट्रेवल करते वक्त आपको डर, रोमांच, फक्र, हिम्मत जैसी चीज़ो का एक साथ अनुभव होगा, तो अगर आप भी इन्हीं एहसासों को महसूस करना चाहते हैं। तो फटाफट से अपनी पहली सोलो ट्रिप की प्लानिंग कर लें, लेकिन अब सवाल ये है कि ट्रिप की प्लानिंग करें तो करें कैसे?
How to plan solo trip
सोलो ट्रिप के लिए प्लान बनाना साधारण ट्रिप्स से कुछ अलग हटकर हो सकता है। अकेले ट्रेवल करते वक्त लड़कियों को नहीं लड़को को भी बहुत सी चीज़ो का ध्यान रखना होता है। क्योंकि सोलो ट्रिप्स में रोमांच और रिस्क दोनों ही बहुत ज्यादा होता है। वहीं अगर आप पहली बार कहीं अकेले सफर कर रहे हैं, तो स्थिति और ज्यादा हलचल भरी हो सकती है। सोलो ट्रैवलर्स को सफर से पहले बजट, बुकिंग, घूमने की जगह, गाड़ी समेत बहुत सी अन्य चीज़ो का ख्याल रखना होता है। अब अगर आपने भी सोलो ट्रेवल करने का मन बना लिया है, लेकिन ट्रिप की प्लानिंग की कोई खबर नहीं है। तो ये बाते और टिप्स आपके बड़े काम की हो सकती है, जिन्हें आपको अपनी सोलो ट्रिप की प्लानिंग करते वक्त जरूर जान लेना चाहिए।
ऐसे करें सोलो ट्रिप की शानदार प्लानिंग
मंजिल का चुनाव करेंट्रिप सोलो, डूओ या ग्रुप के साथ हो सबसे पहले मंजिल यानी की डेस्टिनेशन तय करना बहुत जरूरी है। पहली बार सोलो ट्रैवलिंग के लिए मंजिल चुनते वक्त कुछ चीज़ो का ध्यान रखना आवश्यक है। जैसे कि, आप कोई ऐसी डेस्टिनेशन न चुने जहां पहुंचना बहुत कठिन और रिस्की हो, मौसम के हिसाब से जगह का चुनाव गलत हो, ऐसी जगह का चुनाव भी गलत हो सकता है, जहां आपको गाड़ी, भाषा, रहने या खाने की सुविधा न मिले। अकेले पहली बार ट्रेवल करना अपने आप में ही बहुत रोमांच और गर्व से भरा अनुभव होता है, ऐसे में कोई बहुत चुनौतिपूर्ण सफर आपकी परेशानी बढ़ा सकता है, इसलिए ट्रेवलिंग में बेबी स्टेप्स लें।
रिसर्च करें
सफर की डेस्टिनेशन चूज करने के बाद उस जगह के बारे में सभी प्रकार की जरूरी जानकारी अवश्य पता कर लें। यानी की सफर की तारीख से पहले आपको पता होना चाहिए कि आप कहा जा रहे हैं, उस जगह का मौसम, लोग, रहन-सहन, खाना, आस-पास की जगहें, ट्रांसपोर्टेशन किस तरह का है। ऐसी रिसर्च करनी इसलिए भी जरूरी है, क्योंकि बिना जांच-पड़ताल के यू ही कहीं भी सफर करना आप ही के ट्रेवलिंग अनुभव को खराब कर सकता है।
बजट में रहकर करें प्लानिंग
सोलो ट्रिप करते वक्त बजट में रहना बहुत ही ज्यादा जरूरी है, क्योंकि हर चीज का खर्च आपको खुद ही उठाना है और ऐसे में आपकी ट्रिप ओवर बजट हो सकती है। इसलिए ट्रिप पर जाने से पहले अपना बजट तय करके चले और उसी के अनुसार अपनी होटल और ट्रांसपोर्टेशन की बुकिंग करें। हालांकि आपको एक एक पैसे का एलोकेशन या हिसाब नहीं रखना है, लेकिन हर चीज़ के लिए एक औसत आंकड़ा जरूर अलग रखें। कोशिश करें कि, आप कम खर्च में अच्छी ट्रिप कर लें सोलो ट्रिप के लिए आप होटल के बजाय होस्टल में रुख सकते हैं, लग्जरी खाने के बजाय उस जगह का लोकल खाना खाएं। आपके बजट और खर्च में 19-20 का फर्क हो सकता है, लेकिन बजट में संतुलन बनाए रखना जरूरी है।
टिकट बुकिंग
पहली बार सोलो ट्रिप कर रहे हैं, तो ऐसे में इंस्टेंट बुकिंग और प्लानिंग करने से बहुत हद तक बचना चाहिए। इसलिए अच्छी ट्रिप करनी है तो, आखरी वक्त के लिए कुछ न छोड़े खासतौर से आपकी होटल बुकिंग और टिकट की बुकिंग। पहले से टिकट बुक करने पर आपको कम खर्च में अच्छी डील्स भी मिल सकती है, इससे आपकी सोलो ट्रिप बजट में भी रहेगी और आपको ट्रेवल और रहने की जगह तलाशने में सिर नहीं खपाना पड़ेगा।
पैकिंग
सोलो ट्रिप पर ज्यादा से ज्यादा सामान लेकर जाना बहुत गलत निर्णय हो सकता है। क्योंकि आप ट्रिप पर घूमने फिरने के लिए जा रहे हैं, न की दिन भर बहुत भारी सा लगेज उठाने के लिए। इसलिए सोलो ट्रिप की प्लानिंग करते वक्त सिर्फ जरूरी सामान की पैकिंग करें न की ज्यादा सामान की। ऐसी चीज़े ले जाने से खास बचे जो आपको डेस्टिनेशन पर जाकर आराम से मिल सकती है।
