कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 में भारतीय मुक्केबाज प्रीति पंवार ने मंगलवार को शानदार प्रदर्शन करते हुए भारत के लिए बॉक्सिंग का दूसरा पदक पक्का कर दिया है। मंगलवार को खेले गए महिलाओं के 54 किलोग्राम भारवर्ग के क्वार्टर फाइनल मुकाबले में प्रीति ने उत्तरी आयरलैंड की निकोल क्लाइड को एकतरफा अंदाज में 5-0 से हराकर सेमीफाइनल में जगह बनाई। इस जीत के साथ ही उन्होंने कम से कम कांस्य पदक सुनिश्चित कर लिया है, क्योंकि कॉमनवेल्थ गेम्स में सेमीफाइनल में हारने वाले मुक्केबाजों को भी कांस्य पदक दिया जाता है। सेमीफाइनल में उनका सामना जांबिया के म्वापे कैथरीन से होगा।
प्रीति पवार (साभार-X)
22 वर्षीय प्रीति पंवारपूरे मुकाबले में आत्मविश्वास से भरी नजर आईं। उन्होंने शुरुआत से ही आक्रामक खेल दिखाया और अपने तेज फुटवर्क, सटीक पंचों तथा बेहतरीन रणनीति के दम पर मुकाबले पर पूरी तरह नियंत्रण बनाए रखा। पांचों जजों ने प्रीति के पक्ष में फैसला सुनाते हुए उन्हें 5-0 से सर्वसम्मत जीत दिलाई।
निकोल क्लाइड को लंबाई का फायदा जरूर था, लेकिन प्रीति ने इसे अपने खेल पर हावी नहीं होने दिया। उन्होंने पहले राउंड से ही तेजी से मूवमेंट करते हुए क्लाइड पर लगातार पंच बरसाए। भारतीय मुक्केबाज की गति और तकनीक के सामने उत्तरी आयरलैंड की खिलाड़ी असहज दिखाई दी। प्रीति ने सही समय पर हमला करने और दूरी बनाए रखने की रणनीति अपनाई, जिसका क्लाइड के पास कोई प्रभावी जवाब नहीं था।
दूसरे और तीसरे राउंड में भी प्रीति ने अपनी लय बरकरार रखी। उन्होंने संयम के साथ बॉक्सिंग करते हुए लगातार अंक जुटाए और अपने प्रतिद्वंदी को वापसी का कोई अवसर नहीं दिया। यही कारण रहा कि सभी पांचों जजों ने बिना किसी विवाद के उनके पक्ष में फैसला सुनाया।
प्रीति पंवार पहले से ही अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अपनी प्रतिभा का परिचय दे चुकी हैं। उन्होंने एशियन गेम्स में कांस्य पदक जीतकर भारतीय मुक्केबाजी में अपनी मजबूत पहचान बनाई थी। अब कॉमनवेल्थ गेम्स में भी उन्होंने शानदार शुरुआत करते हुए एक और बड़ी उपलब्धि अपने नाम कर ली है। प्रीति अब सेमीफाइनल मुकाबले में उतरेंगी, जहां उनकी नजर सिर्फ फाइनल में जगह बनाने पर नहीं, बल्कि स्वर्ण पदक जीतने पर भी होगी।
जीत के बाद प्रीति पंवार ने कहा 'मैं बेहद खुश हूं। मैंने पदक हासिल कर लिया है, और अब मेरा अगला लक्ष्य अगले मुकाबले पर ध्यान केंद्रित करना और उस पदक का रंग बदलना है। मेरा आत्मविश्वास बढ़ा है, और इससे मुझे अगले मुकाबले में और भी बेहतर प्रदर्शन करने में मदद मिलेगी।
वहीं भारत की प्रिया ने 60 किलोग्राम भारवर्ग में भी सेमीफाइनल में अपनी जगह पक्की कर ली। क्वार्टर फाइनल मुकाबले में प्रिया ने स्कॉटलैंड की मिचेल नियाम को 4-1 से हराया। भारत के लिए लवलीना बोरगोहेन ने बॉक्सिंग में पहला मेडल पक्का किया था।
