Chanakya Niti: ऐसे लोगों को सही सलाह देना मतलब अपना दुश्‍मन बनाना, सुखी जीवन के लिए इनसे हमेशा रहें दूर

  • Authored by: टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल
  • Updated Jul 20, 2022, 06:11 AM IST

Chanakya Niti in Hindi: आचार्य चाणक्‍य ने अपने नीति शास्‍त्र में भले ही लोगों को सही रास्‍ता दिखाने के लिए सलाह दे रखा है, लेकिन इन्‍होंने कुछ लोगों को सलाह देने से परहेज करने को कहा है। आचार्य कहते हैं कि ऐसे लोगों को सलाह देने का मतलब है कि अपना दुश्‍मन बना लेना।

Chanakya Niti: ऐसे लोगों को सही सलाह देना मतलब अपना दुश्‍मन बनाना, सुखी जीवन के लिए इनसे हमेशा रहें दूर
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Chanakya Niti in Hindi: ज्‍यादातर लोग किसी को कुछ गलत करते देख अक्‍सर सलाह देते देने लगते हैं। यहां तक की आचार्य चाणक्‍य ने भी अपने नीति शास्‍त्र में लोगों को जीवन को आसान बनाने और सफल बनाने के कई उपाय बताने के साथ सही और गलत में फर्क बताते हुए सलाह भी दी है। लेकिन इसी नीति शास्‍त्र में आचार्य ने कुछ लोगों को सलाह देने से साफ मना भी किया है। आचार्य कहते हैं कि ऐसे लोग सही बात का गलत मतलब निकाल लेता है। इसलिए ऐसे लोगों को सलाह देना पूरी व्यर्थ होता है। अगर आप इन्‍हें सलाह देंगे तो इनके सबसे बड़े दुश्‍मन बन जाएंगे।

लालची प्रवृत्ति के लोग

चाणक्य नीति कहते हैं कि धन का लालच करने वाले लोगों को सलाह देना मतलब इन्‍हें अपना दुश्‍मन बनाना है। ऐसे लोग हर कार्य धन के लालच में ही करते हैं। इसके लिए ये गलत मार्ग पर चलने में भी परहेज नहीं करते। अगर इन्‍हें कोई सही मार्ग पर चलने की सलाह दे दें तो वो उसे अपना दुश्मन समझ बैठते हैं।

मूर्ख लोग

चाणक्य नीति के अनुसार मूर्ख व्यक्ति को उपदेश देना पूरी तरह से व्‍यर्थ होता है। आचार्य चाणक्य कहते हैं कि उपदेश हमेशा ज्ञानी व्यक्ति ही देना चाहिए। क्‍योंकि ज्ञान की बातें समझना मूर्खों के बस की बात नहीं होती है। इन बातों को सुनकर मूर्ख व्यक्ति अक्सर ज्ञान की बातें करने वालों को अपना शत्रु मान लेते हैं।

गलत लोग

आचार्य चाणक्य कहते हैं जो लोग स्‍वभाव से ही गलत होते हैं, उन लोगों को अच्छा व्यक्ति हमेशा अपना दुश्मन नजर आता है। ऐसे लोग हमेशा छल कपट करने की कोशिश करते हैं।  अगर आपने इनके सामने अच्‍छी बातें कह दी, तो ये आपको हर हाल में गलत साबित करने की कोशिश करेंगे। इसलिए ऐसे लोगों को सलाह देने की जगह दूर ही रहें।

शक करने वाले

आचार्य चाणक्य के के अनुसार अगर पति या पत्नी एक दूसरे पर शक करने वाले हों, तो ऐसे लोगों से हमेशा दूर ही रहें। ऐसे लोग समझाने या रोक-टोक करने पर सलाह देने वाले को ही अपना सबसे बड़ा दुश्‍मन मान लेते हैं। अगर आपने इन्‍हें सही सलाह दे दी तो ये आप से ही लड़ाई शुरू कर देंगे।

(डिस्क्लेमर : यह पाठ्य सामग्री आम धारणाओं और इंटरनेट पर मौजूद सामग्री के आधार पर लिखी गई है। टाइम्स नाउ नवभारत इसकी पुष्टि नहीं करता है।)

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