Salman Khan Firing Row: सलमान खान फायरिंग मामले में वांटेड आरोपी और कुख्यात गैंगस्टर लॉरेंस बिश्नोई के छोटे भाई अनमोल बिश्नोई ने मुंबई की विशेष मकोका अदालत में आत्मसमर्पण करने की अनुमति मांगते हुए याचिका दायर की है। नवंबर 2025 में अमेरिका से भारत प्रत्यर्पित किए जाने के बाद से अनमोल फिलहाल दिल्ली की तिहाड़ जेल में एनआईए (NIA) से जुड़े एक मामले में बंद है।
अनमोल बिश्नोई ने मुंबई की विशेष मकोका अदालत में आत्मसमर्पण करने की अनुमति मांगते हुए याचिका दायर की।
मुंबई की अदालत में सरेंडर करना चाहता है अनमोल
अपनी नई याचिका में अनमोल ने कहा है कि वह निष्पक्ष सुनवाई और न्याय के हित में चल रहे मुकदमे का सामना करने तथा न्यायिक कार्यवाही में शामिल होने के लिए स्वेच्छा से मुंबई की अदालत के समक्ष सरेंडर करना चाहता है। इस पर विशेष न्यायाधीश एस. आर. नवेंदर ने लोक अभियोजक को अनमोल की याचिका पर अपना जवाब दाखिल करने का निर्देश दिया है।
तिहाड़ जेल से प्रोडक्शन वारंट जारी करने की मांग
अपनी याचिका में अनमोल बिश्नोई ने अदालत से गुहार लगाई है कि वह तिहाड़ जेल प्रशासन के नाम एक प्रोडक्शन वारंट जारी करे ताकि उसके आत्मसमर्पण को औपचारिक रूप से दर्ज किया जा सके। याचिका में तर्क दिया गया है कि वह एनआईए के मामले में पहले से ही न्यायिक हिरासत में है, इसलिए उचित कानूनी निर्देश जारी किए बिना वह मुंबई की अदालत में व्यक्तिगत रूप से उपस्थित नहीं हो सकता। अनमोल के मुताबिक, इस राहत से कानूनी प्रक्रिया के किसी भी दुरुपयोग को रोका जा सकेगा और मामले की कार्यवाही में तेजी आएगी। याचिका में यह भी बताया गया है कि इस फायरिंग मामले की सुनवाई मुंबई कोर्ट में पहले से ही जारी है और अनमोल की गैर-मौजूदगी में अब तक अभियोजन पक्ष के तीन गवाहों के बयान भी दर्ज किए जा चुके हैं, इसलिए उसका इस प्रक्रिया में शामिल होना जरूरी है।
क्या है सलमान खान के घर के बाहर फायरिंग का मामला?
यह पूरा मामला 14 अप्रैल 2024 का है, जब दो मोटरसाइकिल सवार हमलावरों ने बांद्रा स्थित सलमान खान के गैलेक्सी अपार्टमेंट के बाहर अंधाधुंध फायरिंग की थी और मौके से फरार हो गए थे। मुंबई पुलिस ने इस गंभीर हमले के पीछे लॉरेंस बिश्नोई गैंग की साजिश का खुलासा करते हुए मामले में सख्त मकोका कानून लगाया था।
इस केस में लॉरेंस बिश्नोई और अनमोल बिश्नोई को मुख्य वांछित (वांटेड) आरोपी के रूप में नामजद किया गया था। वर्तमान में शूटर विक्की गुप्ता और सागर पाल के साथ सोनूकुमार बिश्नोई, मोहम्मद रफीक चौधरी और हरपाल सिंह न्यायिक हिरासत में हैं और उन पर मुकदमा चल रहा है, जबकि एक अन्य आरोपी अनुज कुमार थापन की पुलिस हिरासत में ही मौत हो गई थी।
