छोटा राजन को कोर्ट से राहत, लेकिन जेल से नहीं होगी रिहाई, पुणे के बिल्डर समेत 5 आरोपियों को राहत

गैंगस्टर छोटा राजन को 2009 के अजय भोसले फायरिंग केस में सीबीआई की विशेष अदालत ने बरी कर दिया है। पुणे के बिल्डर समेत पांच आरोपियों को राहत मिली, लेकिन छोटा राजन जेल में ही रहेगा।

गैंगस्टर छोटा राजन को करीब 17 साल पुराने एक मामले में बड़ी राहत मिली है। मुंबई की सीबीआई की विशेष अदालत ने 2009 में पुणे के शिवसेना नेता अजय भोसले पर हुई फायरिंग के मामले में छोटा राजन समेत पांच आरोपियों को बरी कर दिया है। अदालत ने सभी आरोपियों को हत्या की कोशिश, आपराधिक साजिश और आर्म्स एक्ट से जुड़े आरोपों से मुक्त कर दिया। इस मामले में छोटा राजन के अलावा पुणे के बिल्डर सुरेंद्रकुमार अग्रवाल, मोहम्मद खान, विजय तांबट और राजेश यादव भी आरोपी थे। अदालत के इस फैसले के बाद सभी पांचों आरोपियों को इस मामले में राहत मिल गई है। हालांकि, उन्हें बरी किए जाने के पीछे की वजह बताने वाला विस्तृत आदेश अभी जारी नहीं हुआ है।

Chhota Raajan

छोटा राजन (फाइल फोटो, Image Credit- PTI)

2009 में अजय भोसले की कार पर हुई थी फायरिंग

यह मामला 11 अक्टूबर 2009 का है। उस दिन पुणे में शिवसेना नेता अजय भोसले की कार पर गोलीबारी की गई थी। आरोप था कि छोटा राजन के दो साथियों ने इस हमले को अंजाम दिया था। इस घटना में अजय भोसले को कोई चोट नहीं आई थी, लेकिन उनके ड्राइवर को गोली लगने से चोट पहुंची थी। शुरुआत में इस मामले को पुणे के बंड गार्डन पुलिस स्टेशन में दर्ज किया गया था। बाद में इसकी जांच महाराष्ट्र सीआईडी को सौंप दी गई। साल 2015 में छोटा राजन को इंडोनेशिया के बाली से भारत लाए जाने के बाद सीबीआई ने इस मामले की जांच अपने हाथ में ले ली थी।

End of Feed