Vande Bharat: देश की पहली सेमी हाईस्पीड ट्रेन के संचालन के बाद से भारतीय रेलवे की तस्वीर पूरी तरह से बदल गई है। विगत वर्षों में कई वंदे भारत ट्रेनों को लॉन्च किया जा चुका है। ये राजधानी और शताब्दी के बाद पहली इकलौती ऐसी ट्रेन है जिससे लोगों का काफी ज्यादा समय बचता है। बहुत से प्रदेशों को अब तक वंदे भारत ट्रेनों की सौगात मिल चुकी है। हालांकि इसी दौरान एक खुशखबरी सामने आई कि, इस साल देश के अलग-अलग राज्यों को कुल 60 नई वंदे भारत ट्रेनें मिल जाएंगी। रेल यात्रियों को जल्द से जल्द ये सुविधा दी जा सके इसलिए रेलवे पूरी तैयारी कर रहा है। हालांकि पिछले साल 2023 में कुल 34 वंदे भारत ट्रेनों की लॉन्चिंग हुई थी।
वंदे भारत ट्रेन। (सांकेतिक फोटो)
इन राज्यों को फायदा
एक मीडिया की रिपोर्ट के मुताबिक, भारतीय रेलवे इस साल 60 वंदे भारत ट्रेनों को तोहफे में देने जा रहा है। ऐसे में वंदे भारत ट्रेनों के कोच भी तैयार किए जा रहे हैं। कहा जा रहा है कि इस साल के अंत तक ये ट्रेनें बनकर तैयार हो जाएंगी जिसके बाद इहें नए रूट्स पर लॉन्च कर दिया जाएगा। रेलवे अफसरों के मुताबिक, कर्नाटक, यूपी, महाराष्ट्र, बिहार, तमिलनाडु, केरल की सरकारों ने नए रूट पर के संदर्भ में रेलवे से बात की है। वहीं, कुछ केंद्र शासित प्रदेशों से भी फरियाद आई है। हालांकि भारतीय रेलवे का प्रयास है कि इस साल जून तक 18 नए रूट्स पर वंदे भारत ट्रेनों की लॉन्चिंग हो जाए।
कैसे होता है रूट का चयन
रेलवे के ही एक अधिकारी ने बड़ी ही सटीकता से रूट निर्धारण का तरीका बताश। वे बोले कि, वंदे भारत मार्गों का चयन राज्य सरकार, भारतीय रेलवे और एक स्वतंत्र सलाहकार द्वारा कई दौर की चर्चाओं और केस स्टडीज के आधार पर किया जाता है। इस पूरे मंथन के बाद रेलवे बोर्ड को मंजूरी मिल जाती है और नए रूट तय किए जाते हैं। बता दें कि, रेलवे ने अब तक तकरीबन 35 रूट ढूंढ़ लिए हैं ताकि ट्रेनों का संचालन शुरू कराया जा सके।
इन रूट्स पर चलेगी ट्रेन
रिपोर्ट में कहा गया है कि, 34 वंदे भारत ट्रेन उत्तरी राज्यों में और 25 दक्षिणी राज्यों में लॉन्च होगी। बता दें कि, मुंबई से शेगांव, पुणे से शेगांव, बेलगावी से पुणे, रायपुर से वाराणसी और कोलकाता से राउरकेला रूट पर ट्रेनें दौड़ेंगी। वहीं, गुजरात को भी दो वंदे भारत ट्रेनें मिलने की उम्मीद है। जिसका रूट वडोदरा से पुणे के बीच होगा।
