Noida News: नोएडा में एलिवेटेड रोड पर बार-बार गड्ढा होने से यातायात और सड़क की सुरक्षा को लेकर सवाल खड़े हो गए हैं। सेक्टर-33 स्थित इस्कॉन मंदिर के पास सड़क की ऊपरी परत दोबारा टूटने के बाद सेक्टर-60 से सेक्टर-18 की ओर जाने वाली लेन को एक हफ्ते के लिए बंद कर दिया गया है। इस दौरान सड़क की मरम्मत की जाएगी। वहीं, गड्ढा होने की असली वजह पता लगाने के लिए IIT रुड़की और ब्रिज कॉरपोरेशन के इंजीनियर तकनीकी जांच भी करेंगे।
नोएडा प्राधिकरण ने मौके पर बैरिकेडिंग कराकर प्रभावित लेन पर वाहनों की आवाजाही रोक दी है। दूसरी ओर, सेक्टर-18 से सेक्टर-60 की तरफ जाने वाली लेन पर यातायात सामान्य रूप से जारी है। ऐसे में दिल्ली, गाजियाबाद, ग्रेटर नोएडा वेस्ट और नोएडा की 7X सोसाइटियों से आने-जाने वाली गाड़ियों को प्रभावित दिशा में परेशानी का सामना करना पड़ सकता है।
एक हफ्ते में दूसरी बार हुआ गड्ढा
सेक्टर-27 से सेक्टर-60 तक करीब 4.8 किलोमीटर लंबी एलिवेटेड रोड पर सेक्टर-33 के सामने यह गड्ढा हुआ है। इससे पहले रविवार को भी इसी स्थान पर सड़क की ऊपरी बिटुमिन परत धंस गई थी। प्राधिकरण ने मरम्मत कराकर यातायात शुरू करा दिया था, लेकिन मंगलवार को उसी जगह दोबारा गड्ढा होने से मरम्मत की गुणवत्ता पर सवाल उठ रहे हैं।
अथॉरिटी के इंजीनियरों के मुताबिक, गड्ढा लगभग आधा वर्ग मीटर क्षेत्र में हुआ है। शुरुआती जांच में इसकी वास्तविक वजह साफ नहीं हो पाई है। आशंका है कि सड़क की ऊपरी परत के साथ नीचे मौजूद रोड़ी-गिट्टी या अन्य हिस्से में भी टूट-फूट अथवा धंसाव हुआ हो सकता है।
IIT Roorkee और ब्रिज कॉरपोरेशन करेंगे तकनीकी जांच
एलिवेटेड रोड पर बार-बार सड़क धंसने की वजह जानने के लिए IIT रुड़की और ब्रिज कॉरपोरेशन के इंजीनियरों से टेक्निकल टेस्ट कराया जाएगा। जांच में सड़क की ऊपरी परत, कंक्रीट और नीचे मौजूद स्टील स्ट्रक्चर की स्थिति का आकलन किया जाएगा। इससे पता चल पाएगा कि समस्या सिर्फ सड़क की सतह तक सीमित है या एलिवेटेड रोड के मुख्य ढांचे पर भी इसका असर पड़ा है।
जांच रिपोर्ट के आधार पर मरम्मत और आगे की कार्रवाई तय की जाएगी। फिलहाल, प्रभावित हिस्से की दोबारा मरम्मत की तैयारी की जा रही है।
दिल्ली-NCR के लाखों यात्रियों पर पड़ेगा असर
करीब 480 करोड़ रुपये की लागत से बनी इस एलिवेटेड रोड को साल 2017 में आम लोगों के लिए खोला गया था। यह मार्ग नोएडा के साथ दिल्ली, गाजियाबाद और ग्रेटर नोएडा वेस्ट के बीच आवागमन करने वालों के लिए अहम कड़ी है। खासकर नोएडा की 7X सोसाइटियों में रहने वाले लोगों के लिए भी यह रास्ता काफी अहम है।
एक लेन के सात दिन बंद रहने से सेक्टर-60 से सेक्टर-18 की ओर जाने वाली गाड़ियों को वैकल्पिक मार्गों का इस्तेमाल करना पड़ सकता है। ऐसे में यात्रा के लिए अतिरिक्त समय लेकर निकलना उपयोगी रहेगा।
बता दें कि पिछले महीने भी एलिवेटेड रोड पर सड़क धंसने की घटना सामने आई थी। अब मरम्मत के कुछ ही दिन बाद दोबारा गड्ढा होने से रखरखाव और सड़क की मजबूती पर सवाल उठ रहे हैं। तकनीकी जांच के बाद ही साफ हो पाएगा कि इसके पीछे निर्माण संबंधी खामी, सड़क की परतों में खराबी या कोई अन्य कारण जिम्मेदार है।
