DU Student Muskan Murder Tilak Nagar: पश्चिमी दिल्ली के तिलक नगर इलाके में दिल्ली विश्वविद्यालय (DU) की 21 वर्षीय छात्रा मुस्कान की उसके घर में घुसकर चाकू से गोदकर हत्या करने वाले मुख्य आरोपी इमरान उर्फ आकिब को दिल्ली पुलिस ने एनकाउंटर के बाद गिरफ्तार कर लिया है। तीन राज्यों में चले व्यापक सर्च ऑपरेशन के बाद पुलिस ने आरोपी को घेर लिया। गिरफ्तारी के दौरान हुई मुठभेड़ में आरोपी के पैर में गोली लगी है, जिसके बाद उसे इलाज के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
तिलक नगर DU छात्रा हत्याकांड: 3 राज्यों में छापेमारी के बाद आरोपी इमरान एनकाउंटर में गिरफ्तार, पैर में लगी गोली
पूर्वनियोजित थी हत्या: घर में अकेली देख किया हमला
पुलिस जांच में सामने आया है कि यह कोई अचानक हुई कहासुनी नहीं, बल्कि एक सोची-समझी साजिश थी:
चाकू साथ लाया था आरोपी: वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों के अनुसार, आकिब अपने साथ चाकू लेकर मुस्कान के घर पहुंचा था।
घर में अकेली थी मुस्कान: बुधवार शाम करीब 5:40 बजे आकिब मुस्कान के घर में घुसा। उस वक्त उसकी बहनें चंडीगढ़ गई हुई थीं और माँ राशन लेने बाहर निकली थीं।
चाकू से वार और गला घोंटा: कहासुनी के बाद आरोपी ने मुस्कान के पेट पर चाकू से ताबड़तोड़ 3 वार किए और उसका गला भी घोंट दिया।
फोन लेकर हुआ फरार: वारदात के बाद आरोपी करीब 25 मिनट तक घर के अंदर ही रहा और शाम 6:05 बजे मुस्कान का मोबाइल फोन लेकर फरार हो गया। पुलिस ने बाद में झाड़ियों/सड़क किनारे से फोन बरामद कर लिया है।
ड्रग्स का आदी और सिरफिरा: जुलाई में नशामुक्ति केंद्र भेजा गया था
जांच में आरोपी आकिब के बारे में कई चौंकाने वाले खुलासे हुए हैं:
आपराधिक पृष्ठभूमि: आकिब का नाम 2021 के मारपीट और गैर-इरादतन हत्या के एक मामले में भी शामिल रहा है।
जिम से निकाला गया था: आकिब उसी जिम में ट्रेनर था जहां मुस्कान आती थी। लगभग दो महीने पहले किराए के मकान में आत्महत्या की कोशिश करने के बाद जिम प्रशासन ने उसे नौकरी से निकाल दिया था।
नशे की लत और स्टॉकिंग: आरोपी भारी मात्रा में नशे का आदी था। जुलाई महीने में मुस्कान के परिवार द्वारा लगातार पीछा करने और परेशान करने की शिकायत के बाद उसे कुछ समय के लिए नशामुक्ति केंद्र भेजा गया था।
20 अगस्त की होटल मीटिंग की जांच
पुलिस को जांच के दौरान पता चला है कि हत्या से महज 6 दिन पहले, 20 अगस्त को मुस्कान और आकिब एक होटल में मिले थे। पुलिस उस मुलाकात और घटना से ठीक पहले दोनों के बीच हुए संवाद की कड़ियों को जोड़ने में जुटी है।
डीसीपी (वेस्ट) हरेश्वर स्वामी और संयुक्त सीपी सुमन गोयल के अनुसार, आरोपी को पकड़ने के लिए 14 से 15 विशेष टीमों का गठन किया गया था, जिन्होंने दिल्ली के नांगल क्षेत्र समेत हरियाणा और पंजाब के संभावित ठिकानों पर ताबड़तोड़ छापेमारी की और अंततः एनकाउंटर के बाद आरोपी को धर दबोचा।
