Ayodhya News: उत्तर प्रदेश के अयोध्या स्थित राम मंदिर में दर्शन व्यवस्था को अधिक पारदर्शी और सुविधाजनक बनाने के लिए बड़े बदलाव किए जा रहे हैं। चंदा चोरी मामले के बीच सुगम दर्शन व्यवस्था में गड़बड़ी की खबरें भी सामने आई थीं। इन शिकायतों को ध्यान में रखते हुए श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट ने दर्शन प्रणाली में सुधार के लिए नए कदम उठाए हैं। इसका लक्ष्य रामलला के भक्तों को बिना अनावश्यक परेशानी के आसानी से दर्शन उपलब्ध कराना है। ट्रस्ट के महासचिव स्वामी गोविंददेव गिरी जी महाराज ने सुगम दर्शन व्यवस्था को बेहतर बनाने से जुड़े कई प्रस्तावों को मंजूरी दी है। ये निर्णय ट्रस्ट के CEO एयर मार्शल (रिटायर्ड) जितेंद्र मिश्रा, आईटी विभाग और ट्रस्ट के प्रतिनिधियों के साथ हुई विस्तृत बैठक के बाद लिए गए। नई व्यवस्था के तहत सुगम दर्शन के लिए एडवांस बुकिंग की अवधि 15 दिन से बढ़ाकर 90 दिन करने का फैसला किया गया है। इससे श्रद्धालुओं को पहले से अपनी यात्रा की योजना बनाने और दर्शन के लिए बुकिंग करने में अधिक सुविधा मिल सकेगी।
सुगम दर्शन पास की संख्या 975 से बढ़कर हुई 2,000
सीधे ऑनलाइन पास हासिल कर सकेंगे श्रद्धालु
राम मंदिर ट्रस्ट के महासचिव स्वामी गोविंद देव गिरी ने इन बदलावों को प्रभावी ढंग से लागू कराने की जिम्मेदारी CEO को सौंपी है। इसके तहत आम श्रद्धालुओं के लिए ऑनलाइन सुगम दर्शन पास की संख्या तत्काल प्रभाव से बढ़ा दी गई है। ट्रस्ट अब दर्शन की मांग, पास बुक करने के तरीकों और मंदिर परिसर में व्यवस्थाओं की नियमित रूप से निगरानी करेगा। जरूरत और श्रद्धालुओं की संख्या को देखते हुए पास की उपलब्धता में आगे भी इजाफा किया जा सकेगा। इस पहल का मुख्य उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि अधिक से अधिक भक्त बिना किसी सिफारिश या बिचौलिए की मदद लिए सीधे ऑनलाइन पास हासिल कर सकें और आसानी से रामलला के दर्शन कर सकें।
दर्शन की निर्धारित तारीख से 90 दिन पहले ही मिलेगा पास
राम मंदिर में अब तक श्रद्धालुओं को दर्शन की निर्धारित तारीख से 15 दिन पहले 'सुगम दर्शन' पास उपलब्ध हो पाता है। नई व्यवस्था लागू होने के बाद भक्त 90 दिन पहले तक पास हासिल कर सकेंगे। खासतौर पर दूसरे शहरों और दूरदराज के क्षेत्रों से अयोध्या आने वाले श्रद्धालुओं को इससे बड़ी राहत मिलने की उम्मीद है। नई बुकिंग व्यवस्था में 90 दिन और 62 दिन पहले पास उपलब्ध कराने के चरणों को बाहरी क्षेत्रों से आने वाले भक्तों की जरूरतों को ध्यान में रखकर तैयार किया गया है। इससे श्रद्धालु दर्शन की योजना पहले ही बना सकेंगे और पास मिलने के बाद रेल टिकट, ठहरने की जगह तथा यात्रा से जुड़ी अन्य जरूरी व्यवस्थाएं समय रहते सुनिश्चित कर पाएंगे।
पासों की संख्या बढ़ाकर 2,000 कर दी गई
आम श्रद्धालुओं के लिए ऑनलाइन सुगम दर्शन पास की संख्या में बढ़ोतरी की गई है। पहले जहां प्रतिदिन 975 पास जारी किए जाते थे, वहीं अब इनकी संख्या बढ़ाकर 2,000 कर दी गई है। ट्रस्ट ने यह भी स्पष्ट किया है कि भक्तों की मांग और जरूरत के अनुसार पास की संख्या में आगे और इजाफा किया जा सकता है। नई व्यवस्था के तहत दर्शन के लिए पास आठ अलग-अलग चरणों में उपलब्ध होंगे। इनमें सात चरण एडवांस बुकिंग के लिए निर्धारित किए गए हैं, जिनमें दर्शन की तारीख से 90 दिन, 62 दिन, 30 दिन, 14 दिन, 7 दिन, 3 दिन और एक दिन पहले पास प्राप्त करने का अवसर मिलेगा। इसके अलावा, आठवें चरण में दर्शन वाले दिन तत्काल पास जारी किए जाएंगे। बुकिंग के लिए अलग-अलग समयसीमा तय होने से श्रद्धालुओं को अपनी सुविधा के अनुसार आवेदन करने के अधिक विकल्प मिलेंगे। इससे अचानक अयोध्या आने का कार्यक्रम बनाने वाले भक्तों को भी राहत मिलने की उम्मीद है। उन्हें पास बुक करने के लिए किसी एक निर्धारित समय पर निर्भर नहीं रहना पड़ेगा। हालांकि, एडवांस बुकिंग के तहत जारी होने वाले पास की पुष्टि तकनीकी जांच पूरी होने के बाद ही की जाएगी।
ऑटोमेटेड बुकिंग टूल्स के दुरुपयोग पर रोक
राम मंदिर ट्रस्ट श्रद्धालुओं के लिए सत्यापन आधारित बुकिंग सिस्टम विकसित करेगा, ताकि ऑटोमेटेड बुकिंग टूल्स के दुरुपयोग पर रोक लगाई जा सके। इस पहल का मकसद यह सुनिश्चित करना है कि रामलला के दर्शन के इच्छुक वास्तविक भक्तों को सुगम दर्शन पास हासिल करने का समान अवसर मिले। नई व्यवस्था के तहत एडवांस बुकिंग करने वाले श्रद्धालुओं को आवेदन करते ही पास की पुष्टि नहीं दी जाएगी। इसके बजाय, तकनीकी जांच पूरी होने के बाद आमतौर पर 24 से 48 घंटे के अंदर आवेदकों को उनके पास की स्थिति के बारे में जानकारी दी जाएगी। ट्रस्ट ने स्पष्ट किया है कि सिर्फ आवेदन जमा करना पास कंफर्म होने की गारंटी नहीं है। सत्यापन की इस प्रक्रिया से बुकिंग में होने वाली असामान्य गतिविधियों और संदिग्ध आवेदनों की पहचान कर उनकी जांच करना आसान होगा।
सुगम दर्शन पास की बुकिंग यहां से करें
राम मंदिर ट्रस्ट ने तत्काल सुगम दर्शन पास के लिए अलग व्यवस्था निर्धारित की है। इस श्रेणी में आवेदन करने वाले श्रद्धालुओं को पास की तुरंत पुष्टि मिल जाएगी और उन्हें 24 से 48 घंटे तक इंतजार नहीं करना होगा। ट्रस्ट ने स्पष्ट किया है कि सुगम दर्शन पास पूरी तरह निःशुल्क हैं। अगर कोई व्यक्ति पास दिलाने के नाम पर पैसे मांगता है या श्रद्धालुओं के साथ ठगी करता है, तो उसके खिलाफ शिकायत दर्ज कराई जा सकती है। श्रद्धालुओं की शिकायतों को आसानी से दर्ज करने के लिए ट्रस्ट एक विशेष टेलीफोन हेल्पलाइन और ईमेल सुविधा शुरू कर रहा है। महासचिव के निर्देश पर की जा रही इस पहल के तहत हर पास पर शिकायत से जुड़ी जानकारी और संपर्क विवरण भी स्पष्ट रूप से दिए जाएंगे। ट्रस्ट ने भक्तों से अपील की है कि अगर कोई उनसे सुगम दर्शन पास के बदले पैसे मांगता है या वसूलता है, तो इसकी सूचना तुरंत संबंधित माध्यमों पर दें। शिकायत दर्ज कराने के लिए हेल्पलाइन नंबर 8009522111 और ईमेल आईडी report@srjbtk.org उपलब्ध कराए गए हैं। ट्रस्ट के मुताबिक, ये दोनों सुविधाएं एक सप्ताह के भीतर शुरू हो जाएंगी। श्रद्धालुओं से मिलने वाली शिकायतों की तत्काल जांच की जाएगी और मामले के तथ्यों के आधार पर उचित कार्रवाई की जाएगी। साथ ही, भक्तों को सलाह दी गई है कि वे सुगम दर्शन पास की बुकिंग केवल राम मंदिर ट्रस्ट की अधिकृत वेबसाइट https://online.srjbtkshetra.org के जरिए ही करें, ताकि किसी भी तरह की धोखाधड़ी से बचा जा सके।
