PM Surya Ghar Yojana: नवीन एवं नवीकरणीय ऊर्जा मंत्री प्रह्लाद जोशी ने कहा कि प्रधानमंत्री सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना के तहत अब तक 20 लाख घरों में रूफटॉप सोलर प्रणाली लगाई जा चुकी है और बहुत जल्द 30 लाख और जोड़ने का लक्ष्य है। योजना का कुल लक्ष्य 1 करोड़ घरों में रूफटॉप सोलर लगाने का है। मंत्री ने बताया कि जिन लोगों के पास खुद की छत नहीं है, उनके लिए एक उपयोगिता-आधारित मॉडल (Utility-Based Model) को मंजूरी दी गई है। कई राज्यों ने इसकी मांग की थी और मंत्रालय ने इसे स्वीकार कर लिया है।
पीएम सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना: अब 20 लाख से अधिक घरों में लगाए गए रूफटॉप सोलर सिस्टम (तस्वीर-canva)
योजना पहले आओ, पहले पाओ आधार पर
नवीन एवं नवीकरणीय ऊर्जा मंत्री प्रह्लाद जोशी ने स्पष्ट किया कि यह योजना मांग आधारित है और लाभार्थियों का चयन पहले आओ, पहले पाओ के आधार पर किया जाएगा।
आधे लाभार्थियों को मिल रहा है शून्य बिजली बिल
न्यूज एजेंसी भाषा के मुताबिक जोशी ने कहा कि करीब आधे लाभार्थियों को अब बिजली बिल नहीं देना पड़ रहा है, जिससे यह योजना दीर्घकालिक स्थिरता और नागरिकों को राहत प्रदान करने का एक सशक्त मॉडल बन रही है।
राज्यों से अधिक सक्रिय होने की अपील
मंत्री ने राज्यों से अपील की कि वे प्रधानमंत्री सूर्य घर योजना और पीएम-कुसुम योजना का अधिकतम लाभ उठाएं और अधिक सक्रिय भूमिका निभाएं। उन्होंने बताया कि कुछ राज्यों जैसे आंध्र प्रदेश ने योजना को तेजी से अपनाने की तैयारी की है।
2030 तक 550 गीगावाट नवीकरणीय ऊर्जा लक्ष्य
2030 तक के लक्ष्य की चर्चा करते हुए उन्होंने बताया कि भारत ने अब तक 251.5 गीगावाट गैर-जीवाश्म ईंधन आधारित क्षमता हासिल कर ली है। अभी 248 गीगावाट और जोड़ने की आवश्यकता है, जो कि एक बड़ी चुनौती और अवसर दोनों है।
100 गीगावाट मॉड्यूल निर्माण क्षमता, 50,000 करोड़ का निवेश
उन्होंने कहा कि भारत की सौर मॉड्यूल निर्माण क्षमता अब 100 गीगावाट तक पहुंच गई है। योजना के तहत करीब ₹50,000 करोड़ का निवेश हुआ है और 12,600 से अधिक लोगों को प्रत्यक्ष रोजगार मिला है।
स्वदेशी उत्पादन की ओर बढ़ते कदम
जोशी ने बताया कि 2028 तक स्वदेशी सौर सेल उत्पादन का लक्ष्य रखा गया है और अब भारत स्वदेशी वेफर्स और इनगोट्स की दिशा में भी बढ़ रहा है, जिससे पूरी सौर मूल्य सीरीज (solar value chain) भारत में ही विकसित की जा सकेगी।
पीएम-कुसुम योजना का दूसरा चरण 2026 से
मंत्री ने बताया कि पीएम-कुसुम योजना का दूसरा चरण (PM-KUSUM 2.0) मार्च 2026 में शुरू किया जाएगा, जब वर्तमान चरण समाप्त होगा। इसके लिए मंत्रालय को कैबिनेट की मंजूरी लेनी होगी।
