शादी की वजह से गांव से भागी और 7 साल बाद अफसर बनकर लौटी, जानें कौन हैं संजू रानी

कुलदीप राघव

Aug 27, 2023

​संजू रानी वर्मा की कहानी​

मेरठ की रहने वाली संजू रानी वर्मा की सक्सेस स्टोरी काफी प्रेरित करने वाली और भावुक करने वाली है।

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​मां का हुआ निधन​

मेरठ की PCS संजू रानी वर्मा की मां का देहांत हुआ तो वह मेरठ के आरजी डिग्री कॉलेज से ग्रैजुएशन कर चुकी थीं और दिल्‍ली यूनिवर्सिटी से पीजी कर रही थीं।

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​7 साल पहुंचीं घर​

इसके बाद उन पर शादी करने का दबाव बढ़ा तो उन्होंने घर से चले जाने का फैसला किया। वह 7 साल बाद अफसर बनकर घर पहुंची।

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​7 साल बाद लौटीं​

वह इस फैसले का विरोध करते हुए घर से भाग गईं और 7 साल बाद अफसर बनकर लौटी।

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​2018 में हुआ चयन​

उन्होंने यूपी पीसीएस एग्‍जाम (2018) में कामयाबी हासिल की थी। संजू बताती हैं, 'उस साल (2013) में मैंने न केवल अपना घर छोड़ा बल्कि मुझे डीयू का अपना वह पीजी कोर्स भी छोड़ना पड़ा।'

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​जॉब के साथ तैयारी​

वह बताती हैं कि मैंने किराए पर एक कमरा लिया और बच्‍चों को पढ़ाने लगी। मैंने प्राइवेट स्‍कूलों में पार्ट टाइम टीचर के तौर पर भी पढ़ाया और साथ ही सिविल सेवा की तैयारी करती रही।

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​कॉमर्शियल टैक्स ऑफिसर​

अब संजू वर्मा उत्तर प्रदेश सरकार में बतौर कॉमर्शियल टैक्स ऑफिसर कार्यरत हैं।

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​क्या बोलीं संजू रानी वर्मा​

वह कहती हैं कि मैं उम्‍मीद कर रही थी कि मुझे एसडीएम की पोस्‍ट मिलेगी। मेरा अंतिम लक्ष्‍य सिविल सेवा परीक्षाओं में सफल होना है।

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​बनना चाहती थीं डीएम​

संजू रानी वर्मा ने पीसीएस में सफल होने के बाद कहा था कि उनका लक्ष्य है जिलाधिकारी बनना।

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